कृषि विपणन विभाग किसानों के हित में उठा रहा कदम

राज्य के बांकुड़ा, पश्चिम मेदिनीपुर सहित उत्तर बंगाल के विभिन्न जिलों में नये आलू की आमद होने लगी है.

आलू सहित विभिन्न शीतकालीन सब्जियों की कीमतों पर कृषि विपणन विभाग का हस्तक्षेप

प्रतिनिधि, हुगली.

राज्य के बांकुड़ा, पश्चिम मेदिनीपुर सहित उत्तर बंगाल के विभिन्न जिलों में नये आलू की आमद होने लगी है. किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य सुनिश्चित करने के लिए, नियंत्रित बाजार समितियों के तहत प्रोक्योरमेंट सेंटर, किसानों से सीधे नये आलू खरीद रहे हैं, जो स्थानीय बाजारों और ‘सुफल बांग्ला’ के माध्यम से उपभोक्ताओं तक पहुंचाये जा रहे हैं. इस बात की जानकारी कृषि विपणन विभाग के मंत्री बेचाराम मन्ना ने दी. इस पहल के तहत, बिक्री मूल्य का अधिकांश हिस्सा किसानों को प्रदान करने की जिम्मेदारी कृषि विपणन विभाग पर है.

कोलकाता सहित विभिन्न जिलों में ‘सुफल बांग्ला’ केंद्रों के माध्यम से नये आलू की बिक्री 22-23 रुपये प्रति किलोग्राम की दर पर हो रही है. वहीं, कोलकाता में पुराने आलू की कीमत 24 रुपये प्रति किलोग्राम निर्धारित की गयी है.

इसके परिणामस्वरूप, कोलकाता और आसपास के जिलों के बाजारों में आलू के दाम अब नियंत्रण में हैं. हाल के दिनों में महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, पंजाब और उत्तर प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों में शीतकालीन सब्जियों की कीमतों में भारी गिरावट के कारण किसान बड़े नुकसान का सामना कर रहे हैं. पश्चिम बंगाल में भी फूलगोभी, पत्तागोभी सहित अन्य शीतकालीन सब्जियों के दाम खेतों में गिरने लगे, जिससे किसानों को नुकसान से बचाने के लिए ‘सुफल बांग्ला’ और नियंत्रित बाजार समितियों को उचित मूल्य पर सब्जियां खरीदने की जिम्मेदारी सौंपी गयी है. राज्य के 89 प्रोक्योरमेंट सेंटर अब तक सैकड़ों टन सब्जियां किसानों से सीधे खरीद चुके हैं और यह प्रक्रिया लगातार जारी है. शीतकालीन सब्जियों और आलू की इस फसल कटाई के मौसम में यह सुनिश्चित करने के लिए कि किसानों को नुकसान न हो, कृषि विपणन विभाग पूरी तरह से प्रयासरत है.

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By Prabhat Khabar News Desk

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