कोलकाता.
पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी ने सोमवार को बागडोगरा एयरपोर्ट पर पत्रकारों से बातचीत के दौरान राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि राष्ट्रपति का जिस प्रकार से अपमान किया गया, इसके लिए राज्य की मुख्य सचिव, डीजीपी, सिलीगुड़ी के पुलिस आयुक्त व दार्जिलिंग के डीएम को तत्काल पद से बर्खास्त करना चाहिए. श्री अधिकारी ने चुनाव आयुक्त के साथ तृणमूल कांग्रेस के प्रतिनिधियों को नहीं बोलने देने के आरोपों को खारिज कर दिया. उन्होंने कहा कि ये आरोप पूरी तरह गलत हैं. उन्होंने यह टिप्पणी हल्दीबाड़ी में भाजपा की सभा में शामिल होने से पहले एयरपोर्ट पर पत्रकारों से बातचीत के दौरान की. शुभेंदु अधिकारी ने तंज कसते हुए कहा कि अगर ऐसा है तो वीडियो रिकॉर्डिंग सार्वजनिक की जाये, सच अपने-आप सामने आ जायेगा.उन्होंने आरोप लगाया कि जिन बांग्लादेशी मुस्लिम घुसपैठियों के नाम सूची से हटाये गये हैं और जिनके मामले अदालत में विचाराधीन है, उनके पक्ष में बोलने की कोशिश की जा रही है. साथ ही उन्होंने ज्ञानेश कुमार को लोकतंत्र का हत्यारा बताये जाने के मुद्दे पर भी कटाक्ष किया. अधिकारी ने कहा कि राष्ट्रपति के साथ जो व्यवहार किया गया, वही असल में संविधान की हत्या है.
उन्होंने मांग की कि मुख्य सचिव नंदिनी चक्रवर्ती, डीजीपी, सिलीगुड़ी के पुलिस कमिश्नर और दार्जिलिंग के जिलाधिकारी को जल्द से जल्द बर्खास्त किया जाना चाहिए.