घर-घर जायें, नो मैपिंग श्रेणी के वोटर्स की जांच करें, ममता बनर्जी ने TMC के बीएलए-2 से कहा

Mamata Banerjee to TMC BLA-2: पश्चिम बंगाल में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआईआर) के मुद्दे पर राजनीतिक बवाल के बीच ममता बनर्जी ने अपने कार्यकर्ताओं को घर-घर जाकर नो मैपिंग श्रेणी में रखे गये वोटर्स की जांच करने के निर्देश दिये हैं. ममता बनर्जी का आरोप है कि जान-बूझकर पश्चिम बंगाल में वोटर्स के नाम मतदाता सूची से हटाये जा रहे हैं.

Mamata Banerjee to TMC BLA-2: पश्चिम बंगाल में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआईआर) की प्रक्रिया के तहत 14 फरवरी तक सुनवाई होगी. यानी सुनवाई खत्म होने में अब सिर्फ 3 दिन बचे हैं. इसी बीच, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अपने आवास पर पार्टी के बूथ लेवल एजेंट्स (बीएलए-2) के साथ अहम बैठक की.

जिनका भी नाम वोटर लिस्ट से कटा है, उसकी जांच खुद करें

तृणमूल कांग्रेस की सुप्रीमो ममता बनर्जी ने बीएलए-2 से कहा कि अब तक जिन मतदाताओं के नाम नो मैपिंग श्रेणी में हैं, उनके घर-घर जायें और जांच करें. सीएम ने कहा है कि मतदाता सूची से जिनका भी नाम कटा है या जिन्हें अब तक अनमैप्ड बताया गया है, उन सभी लोगों के घर जायें और खुद देखें कि वहां कोई है या नहीं.

जान-बूझकर बंगाल में काटे जा रहे वोटर्स के नाम

ममता बनर्जी ने बीएलए-2 से कहा कि पश्चिम बंगाल में जान-बूझकर वैध मतदाताओं के नाम काटे जा रहे हैं. इसलिए हमें इसकी पूरी जांच स्वयं करनी होगी. इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने कहा कि उनके विधानसभा क्षेत्र में कितने लोगों के नाम तार्किक विसंगतियों (लॉजिकल डिस्क्रिपेंसीज) की लिस्ट में हैं, उसकी पूरी जानकारी दें.

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किसी वैध वोटर का नाम नहीं हटाया जाना चाहिए

मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा है कि किसी भी वैध वोटर का नाम नहीं हटाया जाना चाहिए. जिन लोगों के नाम वोटर लिस्ट से हटाये गये हैं, उन सभी वोटर्स के घर-घर जाकर जांच करें, ताकि किसी भी कमी को समय रहते दूर किया जा सके.

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By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 30 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

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