विश्वकर्मा पूजा के दिन बहूबाजार में रहा सन्नाटा

वर्कशॉप में काम करनेवाले 350 कारीगर हुए बेरोजगार... कोलकाता : पहले विश्वकर्मा पूजा के दिन बहूबाजार में खूब धूम रहती थी. लेकिन इस बार यहां सन्नाटा पसरा रहा. बीबी गांगुली स्ट्रीट में विश्वकर्मा पूजा पर प्राय: सभी ज्वेलरी वर्कशॉप में पूजा होती थी, लेकिन इस बार इसकी संख्या बहुत ही कम है. मेट्रो परियोजना के […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | September 19, 2019 1:58 AM

वर्कशॉप में काम करनेवाले 350 कारीगर हुए बेरोजगार

कोलकाता : पहले विश्वकर्मा पूजा के दिन बहूबाजार में खूब धूम रहती थी. लेकिन इस बार यहां सन्नाटा पसरा रहा. बीबी गांगुली स्ट्रीट में विश्वकर्मा पूजा पर प्राय: सभी ज्वेलरी वर्कशॉप में पूजा होती थी, लेकिन इस बार इसकी संख्या बहुत ही कम है. मेट्रो परियोजना के कारण यहां की करीब 85 वर्कशॉप प्रभावित हुए हैं.

इस संबंध में स्वर्ण शिल्प बचाओ समिति के कार्यकारी अध्यक्ष समर डे ने बताया कि करीब 85 वर्कशॉप प्रभावित हुए हैं और वहां छूट गये सोने और अन्य उत्पादों को अब हासिल नहीं किया जा सकता है, क्योंकि वहां पहुंचना मुश्किल हो गया है. इन वर्कशॉप में 350 कारीगर काम करते थे. ऐसे में यहां के कारीगरों मायूस हैं.

पूजा के पहले घर वापसी पर संशय बरकरार

मध्य कोलकाता के बहूबाजार के कुछ परिवार को पूजा के पहले कोलकाता मेट्रो रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड (केएमआरसीएल) उनके घरों में वापस लाना चाहती है. लेकिन जिस तरह से इमारतों को नुकसान हुआ है, उनकी पूजा के पहले मरम्मत हो पायेगी या नहीं, इसे लेकर संशय बरकरार है. ईस्ट-वेस्ट मेट्रो परियोजना के लिए टनेल में हुए कार्य से बहूबाजार के मकानों को कितना नुकसान हुआ है. इसे लेकर केएमआरसीएल की ओर से जब तक विस्तृत रिपोर्ट पेश नहीं की जाती है, तब तक यहां मरम्मत कार्य शुरू कर पाना संभव नहीं है.

अभी यहां के रहनेवाले लोग विभिन्न होटल में रह रहे हैं. जानकारी के अनुसार, केएमआरसीएल ने क्षतिग्रस्त क्षेत्रों से बाहरी क्षेत्र के लोगों को पूजा के पहले घर में वापस पहुंचाने का लक्ष्य रखा था. इसमें बीबी गांगुली स्ट्रीट के दो-तीन घर, दुर्गा पितुरी लेन व हिदा राम बनर्जी लेन के क्रॉसिंग पर स्थित एक-दो मकान थे. लेकिन यहां के रहनेवाले लोगों ने आकर जब अपने घरों को देखा, तो उन्हें लगा कि वह पूजा के पहले अपने घर में वापस नहीं आ पायेंगे.