पत्थर खदानों की समस्या का जल्द होगा समाधान
राज्य सचिवालय में हुई उच्चस्तरीय बैठक... स्थानीय बीडीओ को रिपोर्ट पेश करने का निर्देश कोलकाता : राज्य के कुछ जिलों में पत्थर खदान को लेकर हो रही समस्या का जल्द समाधान कर लिया जायेगा. इस मुद्दे पर मंगलवार को राज्य सचिवालय में उच्चस्तरीय बैठक हुई, जिसमें राज्य के शहरी विकास मंत्री फिरहाद हकीम, शिक्षा मंत्री […]
राज्य सचिवालय में हुई उच्चस्तरीय बैठक
स्थानीय बीडीओ को रिपोर्ट पेश करने
का निर्देश
कोलकाता : राज्य के कुछ जिलों में पत्थर खदान को लेकर हो रही समस्या का जल्द समाधान कर लिया जायेगा. इस मुद्दे पर मंगलवार को राज्य सचिवालय में उच्चस्तरीय बैठक हुई, जिसमें राज्य के शहरी विकास मंत्री फिरहाद हकीम, शिक्षा मंत्री पार्थ चटर्जी, खेल मंत्री अरूप विश्वास सहित अन्य मंत्री उपस्थित रहे. गौरतलब है कि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यून ने राज्य सरकार को एक निर्देश जारी कर कहा था कि वह राज्य की पत्थर खदानों की समस्याओं का जल्द समाधान करे. मंगलवार की बैठक में इस मुद्दे पर चर्चा की गयी.
सूत्राें के अनुसार, जिन क्षेत्रों में पत्थर खदान हैं, वह अधिकतर लोगों की व्यक्तिगत संपत्ति है. इसलिए राज्य सरकार ना ही उसका अधिग्रहण कर सकती है और ना ही नीलामी. इस संबंध में राज्य के शहरी विकास मंत्री फिरहाद हकीम ने कहा कि बालू खदानों को लेकर कोई समस्या नहीं है, इस पर राज्य सरकार पूरी तरह से नजर रखे हुए है. लेकिन पत्थर खदानों को लेकर समस्या बनी हुई है. राज्य सरकार ने पहले ही कर दिया है कि वह लोगों से जबरन जमीन नहीं लेगी. इसलिए इस मुद्दे को बातचीत से सुलझाया जायेगा. इसके लिए विभिन्न जिलों में संबंधित बीडीओ को सर्वे कर रिपोर्ट पेश करने को कहा गया है.
गौरतलब है कि वीरभूम जिले के रामपुरहाट, पंचामी, नलहाटी व मोहम्मदपुर और बांकुड़ा जिले के कुछ क्षेत्रों में उत्तम श्रेणी के पत्थर खदान हैं. बताया जाता है कि वीरभूम से बेहतरीन क्वालटी के मकान बनाने में आने वाले पत्थर उसी इलाके से आते है. वहीं, निजी जमीन मालिक भी समस्या का समाधान चाहते हैं, ताकि उनकी भी आमदनी हो सके. फिलहाल पत्थर झारखंड से लाकर बंगाल के बाजारों में बेचा जा रहा है.
