कोलकाता: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने देश की आजादी के लिए लड़ते हुए 29 सितंबर, 1942 को अपनी जान गंवानेवाली स्वतंत्रता सेनानी मातंगिनी हाजरा के बलिदान को याद किया.
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बनर्जी नेशुक्रवार सुबह ट्वीट किया, ‘स्वतंत्रता सेनानी मातंगिनी हाजरा को याद कर रही हूं, जिन्होंने वर्ष 1942 में आज के दिन देश के लिए जान दे दी थी.’ भारत छोड़ो आंदोलन में हिस्सा लेते हुए 73 वर्षीय हाजरा ने 29 सितंबर, 1942 को मिदनापुर जिले में तमलूक पुलिस थाने तक करीब 6,000 कांग्रेस समर्थकों की रैली का नेतृत्व किया था. रैली में ज्यादातर महिलाएं शामिल थीं.
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जब रैली तमलूक शहर के बाहरी इलाके में पहुंची, तो लोगों को वहां से जाने के लिए कहा गया. हाजरा ने आदेश का पालन करने से इन्कार कर दिया और वह वंदे मातरम् बोलते हुए आगे बढ़ने लगीं. इसके बाद उन्हें गोली मार दी गयी.
