आसनसोल : बरसात के आगमन को ध्यान में रखते हुए रेलपार के गारूई नदी के निकटवर्ती इलाकों में रह रहे लोगों को राहत देने के उददेश्य से निगम प्रशासन ने नदी की सफाई का कार्य शुरू किया है. चेयरमैनअमरनाथ चटर्जी ने कहा कि इस बार बरसात से पहले गारूई नदी के किनारे रह रहे लोगों को बाढ़ से बचाने के लिए नगर निगम स्तर से हर प्रयास व काम किये जा रहे हैं.
उन्होंने दावा किया कि इस बार गारूई नदी में जिस तरह से सफाई की गयी है. इससे पहले किसी ने वैसी सफाई नहीं की थी. उन्होंने गारूई नदी के किनारे रह रहे लोगों से निश्चिंत होकर रहने का आग्रह किया है. लोगों को राहत देने के उददेश्य से निगम स्तर से गारूई नदी के सृष्टीनगर से लेकर रेलपार के अली नगर, हाजी नगर, बालू मैदान, आरके डंगाल, तरीमोहल्ला, डीपू पाडा, गोपालनगर तक जारी सफाई कार्य का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि नदी में जमा प्लास्टिक, कागज, गंदगी के अंबार को पूरी तरहसाफ कर दिया गया है.
उन्होंने कहा कि संभवत: इस बार बरसात में रेलपार के लोगों को बाढ़ की विभिषिका झेलनी नहीं पडेगी और न उन्हें राहत शिविरों में आश्रय लेना पड़ेगा. उन्होंने कहा कि बाढ़ का मूल कारण नदी में वहां रह रहे लोगों द्वारा फेंकी गयी गंदगी का अंबार था. जिसे सेनिटेशन विभाग के कर्मियों ने अथकप्रयास और दिन रात काम कर के साफ कर दिया है. गारूई नदी के किनारे रह रहे
लोगों के बाढ की समस्या से स्थायी समाधान के लिए मेयर जितेंद्र तिवारी के द्वारा गठित कमेटी में अब तक केवल एक मिटींग ही हुई है. कमेटी के संयोजक सह चेयरमैन श्री चटर्जी ने कहा कमेटी अपना कार्य कर रही है. उन्होंने कहा कमेटी के सदस्यों मेयर परिषद सदस्य क्रीडा एवं संस्कृति अभिजीत घटक, बोरो चेयरमैन गुलाम सरवर, पार्षद दीपक कुमार शाव, पार्षद वशीमुल हक, पार्षदकविता यादव आदि को लेकर रेलपार के गारूई नदी संलग्न इलाकों का मुआयना किया जा चुका है.
गारूई नदी के लिए सिंचाई विभाग को भेजे गये दो करोड के डीपीआर को स्वीकृति दिये जाने के बाद से गारूई नदी में काम आरंभ किया जायेगा. गारूई नदी को चौडा कर उसके किनारों का पक्कीकरण किया जायेगा. गारूई नदी के लिए गठित कमेटी की अगली बैठक एक सप्ताह के अंदर किये जाने का आश्वासन दिया.
