UP News: वकालत की आड़ में आपराधिक गतिविधियों में शामिल होने के आरोपों का सामना कर रहे वकीलों के खिलाफ पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है. हाईकोर्ट के सख्त रुख के बाद गठित विशेष प्रकोष्ठ ने महज 15 दिनों में 200 से अधिक मामलों में चार्जशीट तैयार कर न्यायालय भेजी है. वहीं, 100 से ज्यादा मामलों में अभी चार्जशीट दाखिल किया जाना बाकी है.
25 जुलाई को बनाया गया था विशेष प्रकोष्ठ
वकीलों के खिलाफ शिकायतों की निगरानी और कार्रवाई के लिए पुलिस ने 25 जुलाई को विशेष प्रकोष्ठ का गठन किया था. इसके साथ ही पीड़ितों की शिकायत दर्ज कराने के लिए मोबाइल नंबर भी जारी किया गया. इस प्रकोष्ठ में केवल वकीलों से संबंधित मामलों को देखा जा रहा है. हाईकोर्ट के आदेश के बाद शहर और ग्रामीण थानों में दर्ज ऐसे मामलों का रिकॉर्ड जुटाकर लंबित प्रकरणों में कार्रवाई शुरू की गई.
रोज मिल रही नई शिकायतें
पुलिस कमिश्नर के निर्देश पर विशेष प्रकोष्ठ की जिम्मेदारी जेसीपी कानून व्यवस्था को दी गई है. यहां वकीलों से संबंधित शिकायतें लगातार पहुंच रही हैं. पीड़ितों से प्रार्थनापत्र लेने के बाद संबंधित थानों से जांच कराई जा रही है. जांच में आरोप सही पाए जाने पर मुकदमा दर्ज कराने की कार्रवाई भी की जा रही है.
40 से अधिक वकील और लीगल एसोसिएट्स चिह्नित
प्रकोष्ठ को कुछ ऐसे वकीलों की शिकायतें भी मिली हैं, जो कथित तौर पर संगठित गिरोह बनाकर काम कर रहे हैं. पुलिस ने ऐसे 40 से अधिक वकीलों और लीगल एसोसिएट्स को चिह्नित किया है. अब इनका रिकॉर्ड न्यायालय को भेजने की तैयारी की जा रही है. जेसीपी कानून व्यवस्था बबलू कुमार ने बताया कि हाईकोर्ट के आदेश के तहत वकीलों से जुड़े मुकदमों में कार्रवाई जारी है और अन्य मामलों में भी नियमानुसार चार्जशीट दाखिल करने की प्रक्रिया चल रही है.
