NCERT की नई टीम में RSS-BJP कनेक्शन, 20 में 4 सदस्य जुड़े, 11वीं-12वीं की Political Science किताबों पर क्या होगा असर?

UP News: एनसीईआरटी ने कक्षा 11वीं और 12वीं की पॉलिटिकल साइंस की नई टेक्स्टबुक तैयार करने वाली टीम का पुनर्गठन किया है. इस 20 सदस्यीय टीम में 4 सदस्यों का RSS या बीजेपी से संबंध बताया गया है. जानें इसका किताबों पर क्या असर पड़ सकता है.

UP News: स्कूल की किताबों में क्या पढ़ाया जाए, इसे लेकर एक बार फिर चर्चा तेज हो गई है. एनसीईआरटी ने कक्षा 11वीं और 12वीं की पॉलिटिकल साइंस की नई टेक्स्टबुक तैयार करने वाली टीम का पुनर्गठन किया है. नई 20 सदस्यीय टीम में यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर, शिक्षाविद, स्कूल शिक्षक और एनसीईआरटी के फैकल्टी सदस्य शामिल हैं. इनमें कम से कम चार ऐसे सदस्य हैं, जिनके आरएसएस या बीजेपी से जुड़े संगठनों के साथ पुराने या मौजूदा संबंध रहे हैं. एनसीईआरटी के मुताबिक, टीम में बदलाव दोनों कक्षाओं की किताबों को तैयार करने की प्रक्रिया को और बेहतर और व्यवस्थित बनाने के लिए किया गया है. टीम को किताबें तय समयसीमा में तैयार करने की जिम्मेदारी दी गई है.

20 सदस्यों की टीम में कौन-कौन शामिल?

नई टीम में जेएनयू, दिल्ली यूनिवर्सिटी, इग्नू, नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी दिल्ली, जिंदल ग्लोबल लॉ स्कूल, पांडिचेरी यूनिवर्सिटी और उत्कल यूनिवर्सिटी से जुड़े फैकल्टी सदस्य शामिल हैं. इसके अलावा स्कूल शिक्षक और एनसीईआरटी के एकेडमिक्स भी टीम का हिस्सा हैं. दो किताबों में से 11वीं कक्षा की किताब नवंबर 2026 तक तैयार किए जाने का लक्ष्य रखा गया है. वहीं 12वीं कक्षा की किताब को अगले साल तक तैयार किया जाना है.

इन चार सदस्यों के RSS-BJP से बताए गए संबंध

20 सदस्यीय टीम में कम से कम चार ऐसे नाम हैं, जिनका RSS या BJP से जुड़े संगठनों के साथ संबंध रहा है. इनमें वंदना मिश्रा का नाम शामिल है, जो ABVP की पूर्व राष्ट्रीय सचिव और जेएनयू की प्रोफेसर हैं. इसके अलावा यदुनाथ देशपांडे भी टीम में हैं. वह ABVP में संगठनात्मक पदों पर रह चुके हैं और पेशेवर तौर पर खुद को बीजेपी का राजनीतिक सलाहकार बताते हैं. टीम में पुणे स्थित ज्ञान प्रबोधिनी के प्रशांत दिवेकर भी शामिल हैं. वहीं जेएनयू के एकेडमिक रवि रमेशचंद्र शुक्ला रामभाऊ म्हालगी प्रबोधिनी से जुड़े इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ डेमोक्रेटिक लीडरशिप द्वारा प्रकाशित एक जर्नल के एडिटोरियल बोर्ड से जुड़े रहे हैं.

टीम में दूसरे विश्वविद्यालयों के सदस्य भी

हालांकि, नई टीम में सिर्फ इन्हीं सदस्यों को शामिल नहीं किया गया है. पैनल में अलग-अलग संस्थानों से जुड़े कई अन्य शिक्षाविद भी हैं. टीम में जेएनयू से प्रकाश कांडपाल और रवि शुक्ला, एनएलयू दिल्ली से निधि गुप्ता, चाणक्य यूनिवर्सिटी से चेतन सिंघई, दिल्ली यूनिवर्सिटी से सुकांक्षिका वत्सा और इग्नू से सतीश कुमार समेत अन्य सदस्य भी शामिल हैं.

कब तक तैयार होंगी 11वीं और 12वीं की किताबें?

पॉलिटिकल एनालिस्ट और एकेडमिक संदीप शास्त्री की अगुवाई वाली टेक्स्टबुक डेवलपमेंट टीम को दोनों किताबों को तय समयसीमा में तैयार करने के लिए कहा गया है. टीम को 11वीं कक्षा की पॉलिटिकल साइंस की किताब 30 नवंबर 2026 तक और 12वीं कक्षा की किताब 30 जुलाई 2027 तक अंतिम रूप देने का लक्ष्य दिया गया है.

NCERT ने क्यों किया टीम का पुनर्गठन?

एनसीईआरटी का कहना है कि इन दोनों पाठ्यपुस्तकों की तैयारी को और मजबूत और सुव्यवस्थित करने के उद्देश्य से टीम का पुनर्गठन किया गया है. अंतिम टीचिंग-लर्निंग मटीरियल को एनसीईआरटी की ओर से मंजूरी दी जाएगी. इसके बाद संस्थान ही किताबों को प्रकाशित और वितरित करेगा.

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By लक्की कुमारी

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