Balrampur Hospital Lucknow: बलरामपुर अस्पताल के आर्थोपेडिक वार्ड में इन दिनों संगीत की बयार बह रही है. जब कोई मरीज दर्द से कराहता हुआ आता है तो उसकी पीड़ा बांटने के लिए असम की शशि मुखर्जी मरीज को अपनी सुरीली आवाज में पुराने बॉलीवुड संगीत सुनाकर मरीज की पीड़ा बांटने की कोशिश करती हैं. करीब एक साल पहले पेट में तेज दर्द के बाद शशि मुखर्जी उर्फ मीनू को बलरामपुर अस्पताल के आर्थोपेडिक वार्ड 33 में बेड नंबर एक पर भर्ती किया गया. जांच में पता चला शशि क्रॉनिक लिवर डिजीज से पीड़ित हैं. बार – बार पेट में पानी भर रहा है. शशि को राहत देने के डॉक्टर उसके पेट से पानी निकाल रहे हैं. बीते एक साल से मीनू अस्पताल में ही भर्ती हैं. अस्पताल के कर्मचारी व तीमारदार शशि को मीनू नाम से पुकारने लगे. मीनू सुबह – शाम मरीजों को संगीत सुनाती हैं. मरीज तीमारदारों की फरमाइश पर वह वार्डों में घूम – घूमकर मरीज – तीमारदारों को संगीत से उनके दर्द पर मलहम लगाती हैं. मीनू फिल्म आनंद से प्रेरित हैं मीनू बताती हैं सुपरस्टार राजेश खन्ना मेरी प्रेरणा हैं. जिंदगी बड़ी होनी चाहिए लंबी नहीं ने मुझे हिम्मत बंधाई है. वह कहती हैं कि मैं हंसी और मुस्कान संग मौत को गले लगाना चाहती हूं.
Balrampur Hospital में भर्ती बीमार शशि की सुरीली आवाज दूर कर रही मरीजों का दर्द
Balrampur Hospital Lucknow: बलरामपुर अस्पताल के आर्थोपेडिक वार्ड में इन दिनों संगीत की बयार बह रही है. जब कोई मरीज दर्द से कराहता हुआ आता है तो उसकी पीड़ा बांटने के लिए असम की शशि मुखर्जी मरीज को अपनी सुरीली आवाज में पुराने बॉलीवुड संगीत सुनाकर मरीज की पीड़ा बांटने की कोशिश करती हैं.
