Ghaziabad News: तुर्की और सीरिया में भूकंप के रूप में आई आफत ने यहां भीषण तबाही मचाई है, इस भयावह प्राकृतिक आपदा की चपेट में आने से अबतक 4 हजार 300 से अधिक मौतें हो चुकी हैं, मौत का ये आंकड़ा लगातार बढ़ता जा रहा है. संकट की इस घड़ी में भारत ने मदद के लिए हर संभव प्रयास शुरू कर दिए हैं. इस बीच पीएम मोदी के निर्देश पर गाजियाबाद से NDRF की 2 टीमें तुर्की के लिए रवाना कर दी गई हैं.
दरअसल, तुर्की और सीरिया में भूकंप को लेकर पीएमओ में बैठक हुई थी, जिसके बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्देश पर एनडीआरएफ की दो टीमें तुर्की के लिए रवाना कर दी गईं हैं. बचाव कार्यों के लिए रवाना हुई एनडीआरएफ की टीम अपने साथ डॉग स्क्वॉड और आवश्यक उपकरणों को लेकर तुर्की के लिए निकल चुकी हैं. टीम गाजियाबाद के हिंडन एयरबेस से तुर्की के लिए रवाना हुई हैं.
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने ट्वीट कर दी जानकारीविदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने ट्वीट कर लिखा, ‘भारत की मानवीय सहायता और आपदा राहत (एचएडीआर) कार्रवाई में सक्षम है. एनडीआरएफ खोज और बचाव दल, विशेष रूप से प्रशिक्षित डॉग स्क्वायड, चिकित्सा आपूर्ति, ड्रिलिंग मशीन और अन्य आवश्यक उपकरणों के साथ भूकंप राहत सामग्री का पहला जत्था तुर्की के लिए रवाना हुआ.’
Also Read: Turkey Syria Earthquake: भीषण ताबाही के बीच तुर्की में भूकंप का चौथा बड़ा झटका, अबतक 4000 से अधिक लोगों की मौततुर्की और सीरिया में सोमवार को आए तीन विनाशकारी भूकंपों के घंटों बाद मंगलवार को मध्य तुर्की क्षेत्र में 5.6 तीव्रता का भूकंप आया, जिसमें 4,000 से अधिक लोग मारे गए थे. हजारों अन्य घायल हैं और जीवित बचे लोगों की तलाश जारी है. भारत सहित कई देश आपूर्ति और राहत दल भेज रहे हैं. मरने वालों की संख्या बढ़ने की आशंका है, क्योंकि बचाव दल मलबे में खोजबीन कर रहे हैं.
पहले भूकंप का केंद्र सीरिया की सीमा के गाजियांटेप प्रांत में नूरदगी के पास था. अन्य दो भूकंप पास के कहारनमारास प्रांत में आए. तुर्की के राष्ट्रपति रेसेप तईप एर्दोगन ने सात दिनों के राष्ट्रीय शोक की घोषणा की है, जिसके दौरान पूरे देश में और विदेशों में अपने राजनयिक मिशनों में तुर्की के झंडे आधे झुके रहेंगे.
