रेलवे मेंस यूनियन ने मनाया प्रतिरोध दिवस
चक्रधरपुर : अखिल भारतीय रेलवे मेंस फेडरेशन के आह्वान पर बुधवार को दपूरे मेंस यूनियन के बैनर तले चक्रधरपुर रेल मंडल के दर्जनों स्टेशनों के रेलकर्मियों ने 7वें वेतन आयोग की अनुशंसा में व्याप्त अनियमितता के खिलाफ प्रतिरोध दिवस मनाया. मौके पर मेंस यूनियन के जोनल उपाध्यक्ष शिवजी शर्मा के नेतृत्व में सभा का आयोजन किया गया. श्री शर्मा ने कहा कि यूनियन के जनसमर्थन के बदौलत ही डॉ देवराय कमेटी की अनुशंसा लागू नहीं हो सकी है और भविष्य में लागू होने भी नहीं दिया जायेगा. उन्होंने कहा कि 7वें वेतन आयोग में व्याप्त अनियमितता में सुधार नहीं हुआ, तो दस साल के बाद इसी हिसाब से वेतन आयोग का निर्धारण होगा. श्री शर्मा ने कहा कि सरकार मजदूर विरोधी है, वर्ष 2004 में न्यू पेंशन स्कीम (एनपीएस) लागू किया.
इसके तहत नये बहाल रेलकर्मी को पेंशन से वंचित कर दिया गया. जब पुराने सभी रेलकर्मी सेवानिवृत्त होंगे. तो रेलवे में पेंशन ही समाप्त हो जायेगा. एनपीएस के खिलाफ सभी रेलकर्मियों को संगठित होकर आंदोलन करने की जरूरत है. मौके पर मंडल संयोजक जवाहरलाल, रनिंग शाखा सचिव एमके सिंह, राजेश श्रीवास्तव, बसंत प्रधान, संजय पाठक, रोहित कुमार, दिलीप मंडल, संतोष मुखी, रवि कुमार, संजय कुमार, रोशन सिंह, मुकेश सिंह, रवि कुमार, बीके दास, एमपी गुप्ता, एके सिंह, एनसी पूर्ति व चंदन विश्वास समेत झारसुगड़ा, राउरकेला, बंडामुंडा, चक्रधरपुर , डांगुवापोसी, आदित्यपुर व टाटा के रेलकर्मी मौजूद थे.
डीआरएम को सौंपा पत्र
दपूरे मेंस यूनियन रेल मंडल द्वारा डीआरएम राजेंद्र प्रसाद को 11 सूत्री मांग पत्र सौंपा गया. पत्र में 7वें वेतन आयोग की अनुशंसा में व्याप्त अनियमितता को शीघ्र दूर करने, पोस्ट सरेंडर करना बंद करने, सभी रिक्तयों पर बहाली करने, निजीकरण व एफडीआई के नाम पर रेवले को प्राइवेट करने की साजिश बंद करने आदि मांगें शामिल है. मालूम हो कि ऑल इंडिया रेलवे फेडरेशन के आह्वान पर 16 जोन व 64 रेल मंडल में अखिल भारतीय प्रतिरोध दिवस मनाया गया.
