अधूरे कुएं में डूबी महिला

– प्रशासनिक पेंच के चलते रुक गया था कुएं का काम – लोगों ने मुआवजा देने व संबंधित जेइ पर कार्रवाई की मांग की वर्ष 2010 से ही मनरेगा के तहत बन रहा था कुआं बंदगांव : कराईकेला थाना अंतर्गत भरंडिया गांव के मटकुबेड़ा टोला में एक 32 वर्षीया महिला की मौत अर्धनिर्मित कुएं में […]

– प्रशासनिक पेंच के चलते रुक गया था कुएं का काम
– लोगों ने मुआवजा देने व संबंधित जेइ पर कार्रवाई की मांग की
वर्ष 2010 से ही मनरेगा के तहत बन रहा था कुआं
बंदगांव : कराईकेला थाना अंतर्गत भरंडिया गांव के मटकुबेड़ा टोला में एक 32 वर्षीया महिला की मौत अर्धनिर्मित कुएं में गिरने से हो गयी. मनरेगा योजना के तहत इस कुएं का निर्माण कराया जा रहा था और पिछले तीन साल से इसे अधूरा छोड़ कर रखा गया था.

भारसी ओड़िया अपने घर के समीप अर्धनिर्मित कुएं पर घर का काम कर रही थी. काम करने के दौरान वह फिसल कर कुएं में गिर गयी. घर में उस समय कोई नहीं था. इससे उसकी मदद की गुहार कोई नहीं सुन सका. वहां पर मौजूद छोटे-छोटे बच्चों ने दूर से ही भारसी ओड़िया को गिरते हुए देखा था. बच्चों ने जब इसकी जानकारी गांव के लोगों को दी तो वे मदद के लिए पहुंचे.

लेकिन इससे पहले ही महिला की मौत हो चुकी थी. फिर उसके शव को बाहर निकाला गया. महिला के पति जोन ओड़िया ने कराईकेला थाना को इसकी सूचना दी. कराईकेला थाना के अवर पुलिस निरीक्षक ने घटना स्थल पहुंचकर निरीक्षण किया.

घटना के बाद पहुंचे जनप्रतिनिधियों ने बीडीओ से पीड़ित परिवार वालों को आर्थिक सहायता देने की मांग की. साथ ही जेइ पर कानूनी कार्रवाई की मांग रखी. यह कुआं मनरेगा योजना से तहत 2010 से बन रहा था. फिलहाल कुआं का निर्माण कार्य रोक दिया गया था. बरसात का पानी भर जाने के कारण कुआं में काफी पानी जमा हो गया था.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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