सीआरपीएफ आइजी ने किया मनोहरपुर का दौरा, कहा- 20% हिस्से में बचा है नक्सलवाद
174 बटालियन कैंप का निरीक्षण
26 जनवरी को हुई मुठभेड़ में शामिल जवान व अधिकारी हुए पुरस्कृत
मनोहरपुर : झारखंड के सीमित क्षेत्रों में 20 प्रतिशत नक्सलवाद बचा हुआ है, जिसका सफाया इस साल के अंत तक हो जायेगा. जिस तरह झारखंड में कार्रवाई चल रही है, बहुत जल्द उग्रवाद-नक्सलवाद खत्म हो जायेगा. उक्त बातें सीआरपीएफ के आइजी(अभियान) संजय लाटकर ने मनोहरपुर प्रखंड मुख्यालय स्थित सीआरपीएफ कैंप में कही. उन्होंने कहा कि उग्रवाद व नक्सलवाद ज्यादा पैसा कमाने का जरिया बना हुआ है. नक्सलियों की सोच है कि इसमें 2-4 साल पैसा कमा लो, उसके बाद बाहर निकल जाओ. सिमडेगा, खूंटी आदि जिले शांत हो गये हैं.
आकाशजी ने सरेंडर कर दिया है. नक्सली उग्रवादियों की संपत्ति जब्त हो रही है. इस साल के अंत तक राज्य से नक्सलवाद व उग्रवाद खत्म करने का लक्ष्य है. बंदगांव थाना क्षेत्र के सोयमारी जंगल के दूगीबेड़ा में गणतंत्र दिवस के दिन हुए पुलिस व नक्सली मुठभेड़ के बाद सीआरपीएफ के आइजी श्री लाटकर ने मंगलवार को मनोहरपुर पहुंच एनकाउंटर में शामिल रहे सीआरपीएफ 174 बटालियन के पदाधिकारी व जवानों की हौसला अफजाई की.
श्री लाटकर ने मनोहरपुर प्रखंड कार्यालय परिसर स्थित 174 बटालियन के सीआरपीएफ कैंप का निरीक्षण भी किया. लगभग डेढ़ घंटे तक कैंप में रहने के बाद हेलीकॉप्टर से चाईबासा के लिए रवाना हो गये. मौके पर कमांडेंट अच्युतानंद, द्वितीय कमान अधिकारी राजा रमन, अरुण झा, उपेंद्र सिंह, सुरेंद्र सिंह, डीएसपी राम मनोहर शर्मा, इंस्पेक्टर खुर्शीद आलम सहित अन्य मौजूद थे.
जवानों को किया पुरस्कृत
आइजी ने 26 जनवरी हुई मुठभेड़ में शामिल सहायक कमांडेंट उपेंद्र सिंह यादव व जवान डी सुधाकर, जी सुब्रह्मयेश्वर राव, माहिउद्दीन खान, रजनीश कुमार, राम सिंह, सतेंद्र सिंह भदौरिया,
राकेश कुमार सिंह व अभिजीत बासुमाता को पुरस्कृत किया.
