ग्रामीण डाकसेवकों की हड़ताल सातवें दिन भी जारी
चाईबासा : ऑल इंडिया ग्रामीण डाक सेवक संघ के आह्वान पर ग्रामीण डाक सेवकों की हड़ताल मंगलवार को सातवें दिन भी जारी रही. डाक कर्मी अपनी मांगों को लेकर चाईबसा मुख्य डाकघर परिसर में डटे रहे. डाककर्मियों ने सरकारी की गलत नीतियों के खिलाफ नारेबाजी भी की. उन्होंने कहा कि सरकार एवं विभाग जब तक उनकी मांगों को नहीं मान लेते, तबतक हड़ताल जारी रहेगी. पश्चिमी सिंहभूम में लगभग 270 ग्रामीण डाक सेवक हैं.
गांवों में नहीं पहुंच रहे चिट्ठियां, व मनीऑर्डर
डाक कर्मियों के हड़ताल पर जाने से कार्य काफी प्रभावित हो रहा है. गांवों में चिट्ठियां, मनीऑर्डर आदि नहीं पहुंच पा रहे हैं. लोगों को भी परेशानियों को सामना करना पड़ रहा है.संघ के अध्यक्ष नीलकमल महतो ने कहा कि सरकार हमारी चार सूत्री मांग पर कोई विचार नहीं कर रही है, जो अन्याय है. ग्रामीण डाक सेवकों को 8 घंटे की कार्यावधि एवं विभागीय करण करने, डाक सेवकों के लिए पेंशन योजना लागू करने तथा जीडीएस को लक्ष्य के नाम पर परेशान करना बंद करने की मांग की गयी है. इस अवसर पर सचिव पुरेंद्र गोप, एससी दे, फाल्गुनी चरण साहू, चंद्रदेव कुमार, श्रीधर पंडा, दिनेश कुमार पाल, ललित कुमार सिंह, पूर्णचंद्र कर्मकार, उमाशंकर पान, रवींद्र गोप, सनातन बिरुली समेत अनेक डाकसेवक उपस्थित थे.
ग्रामीण डाकसेवकों के हड़ताल पर जाने से कार्य प्रभावित हो रहा है. चिट्टी से लेकर अन्य कार्य वितरण बंद है. डाकघरों में पॉकेट रखा हुए हैं. -जगन्नाथ साहू, हेड डाकपाल, चाईबसा.
