नोवामुंडी से सुबोध मिश्रा की रिपोर्ट
Saranda News: भाजपा के नवनियुक्त सारंडा मंडल अध्यक्ष महेंद्र महाकुड़ ने पद संभालते ही सेवा और जनकल्याण को प्राथमिकता देते हुए एक प्रेरणादायक पहल की शुरुआत की है. उनकी इस सक्रियता ने यह स्पष्ट कर दिया है कि वे केवल संगठनात्मक जिम्मेदारी तक सीमित नहीं रहना चाहते, बल्कि जमीनी स्तर पर लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए प्रतिबद्ध हैं.
ग्रामीणों के बीच नगाड़ा और मदार का वितरण
महेंद्र महाकुड़ के प्रयास से टाटा फाउंडेशन की ओर से दीरिबुरु कुसुम साईं क्षेत्र में ग्रामीणों के बीच नगाड़ा और मदार का वितरण किया गया. इस कार्यक्रम का उद्देश्य न केवल आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराना था, बल्कि ग्रामीणों की पारंपरिक संस्कृति को संरक्षित और प्रोत्साहित करना भी था. वितरण के दौरान स्थानीय लोगों में खासा उत्साह देखने को मिला.
संस्कृति संरक्षण के साथ सशक्तिकरण की पहल
यह पहल केवल सामग्री वितरण तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक व्यापक सोच छिपी है. नगाड़ा और मदार जैसे पारंपरिक वाद्य यंत्र आदिवासी और ग्रामीण संस्कृति का अहम हिस्सा हैं. इनके माध्यम से सांस्कृतिक आयोजनों को बढ़ावा मिलेगा और समुदाय की पहचान मजबूत होगी. साथ ही, यह कदम ग्रामीणों को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने की दिशा में भी मददगार साबित होगा.
ग्रामीणों ने जताया आभार
कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों ने महेंद्र महाकुड़ के प्रति आभार व्यक्त किया. उनका कहना था कि इस तरह की पहलें क्षेत्र के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं और लोगों को सीधे तौर पर लाभ पहुंचाती हैं. ग्रामीणों ने उम्मीद जताई कि आगे भी इसी तरह के जनहितकारी कार्य जारी रहेंगे.
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विकास और जनसहभागिता को मिलेगी मजबूती
महेंद्र महाकुड़ की यह पहल आने वाले समय में सारंडा क्षेत्र में विकास और जनसहभागिता को नई दिशा दे सकती है. यदि इसी तरह योजनाबद्ध तरीके से कार्य जारी रहा, तो यह क्षेत्र सामाजिक, सांस्कृतिक और आर्थिक रूप से और अधिक सशक्त बन सकता है.
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