सिमडेगा/बानो. लचरागढ़ क्षेत्र के शिक्षा व धार्मिक जीवन से गहरा जुड़ाव रखने वाले फादर फुलजेंस प्रेम कुल्लू (71) का निधन मंगलवार की सुबह हो गया. उन्होंने सुबह 8:30 बजे सेंट कॉन्स्टेंट लिवेंस हॉस्पिटल में अंतिम सांस ली. उनके निधन से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गयी है. वे पिछले कुछ दिनों से बीमार थे. उनके निधन पर कलीसिया समाज के साथ-साथ संत दोमनिक इंटर कॉलेज के छात्र-छात्राओं और शिक्षकों में गहरा शोक व्याप्त है. फादर कुल्लू वर्ष 2001 से जून 2018 तक लचरागढ़ पल्ली में पुरोहित के रूप में पदस्थापित रहे. अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया. लचरागढ़ पहुंचने पर उन्होंने देखा कि क्षेत्र के विद्यार्थियों को इंटरमीडिएट की पढ़ाई के लिए जिला मुख्यालय या राजधानी जाना पड़ता था, जिससे कई छात्र-छात्राएं उच्च शिक्षा से वंचित रह जाते थे. इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए उन्होंने सोसाइटी और तत्कालीन बिशप जोसेफ मिंज के सहयोग से इंटर की पढ़ाई शुरू कराने की पहल की. शुरुआत में पारिश हॉल में कक्षाएं संचालित होती थीं, जहां कम संख्या में विद्यार्थी आते थे. लगातार चार से पांच वर्षों के प्रयास के बाद छात्रों की संख्या बढ़ी और बाद में कक्षाएं मध्य विद्यालय भवन में स्थानांतरित की गयीं. समय के साथ कॉलेज का विस्तार हुआ और इसे मान्यता प्राप्त हुई. यहां के छात्र-छात्राएं कला एवं वाणिज्य संकाय में जिला स्तर पर टॉप टेन में स्थान हासिल करने लगे. बाद में कॉलेज का अपना भवन भी बना और वर्तमान में यहां कला, वाणिज्य एवं विज्ञान संकाय में इंटरमीडिएट की पढ़ाई संचालित हो रही है. संस्थापक फादर कुल्लू के आकस्मिक निधन पर कॉलेज परिवार ने दो मिनट का मौन रख कर श्रद्धांजलि अर्पित की. प्राचार्य फादर क्लेमेंट लकड़ा ने इसे अपूरणीय क्षति बताते हुए कहा कि उनके मार्गदर्शन और योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता. उन्होंने कहा कि फादर कुल्लू अनुशासित, आध्यात्मिक, शांतिप्रिय और न्यायप्रिय व्यक्तित्व के धनी थे, जिनके प्रयासों से क्षेत्र में शिक्षा का दीप प्रज्वलित हुआ. इस दौरान वाइस प्रिंसिपल फादर अल्बीनुस केरकेट्टा समेत कॉलेज के शिक्षक-शिक्षिकाएं, कर्मचारी और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे. अंतिम संस्कार आज : फादर फुलजेंस प्रेम कुल्लू का का अंतिम संस्कार आठ अप्रैल को सुबह 11 बजे देहाती केंद्र पुरनापानी में किया जायेगा.
फादर फुलजेंस प्रेम कुल्लू का निधन, शोक की लहर
शिक्षा व धार्मिक जीवन से था गहरा जुड़ाव, इंटर कॉलेज की स्थापना में निभायी थी अहम भूमिका
