सिमडेगा. कुल्लूकेरा पंचायत के पानीसानी डैम के पास कांग्रेस ने वनभोज सह मिलन समारोह का आयोजन किया. मुख्य अतिथि के रूप में विधायक भूषण बाड़ा व विशिष्ट अतिथि के रूप में जिप सदस्य जोसिमा खाखा उपस्थित थी. विधायक भूषण बाड़ा ने भाजपा की नीतियों हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा सत्ता पाने और अपने भ्रष्टाचार को छिपाने का काम करती है. भाजपा ने मनरेगा योजनाओं का नाम बदल कर उसमें वीबी जी राम जी का नाम जोड़ दिया है. यह आस्था का सम्मान नहीं, एक सोची-समझी साजिश है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस शोर मचाने में नहीं, काम करने में विश्वास रखती है. रामरेखा धाम को राजकीय महोत्सव का दर्जा दिलाना, शंख छठ घाट तक पक्की सड़क बनवाना और गोबरसिल्ली पहाड़ का कायाकल्प करना इस बात का सबूत है कि हम भगवान के नाम का व्यापार नहीं करते, बल्कि उनके भक्तों की सेवा करते हैं. भाजपा वाले सिर्फ ट्विटर पर विकास की बात करते हैं, जबकि हमने श्रद्धालुओं के लिए मंदिर, मस्जिद, चर्च तक पक्की सड़कें पहुंचाई हैं. विधायक ने कहा कि आज सैकड़ों लोग दूसरी पार्टियों को छोड़ कर हमारे परिवार में शामिल हुए हैं. यह इस बात का प्रमाण है कि हवा का रुख बदल चुका है. आने वाला समय कांग्रेस का है.
विधायक ने एक अभिभावक की तरह क्षेत्र को सींचा है : जोसिमा
जिप सदस्य सह महिला जिलाध्यक्ष जोसिमा खाखा ने कहा कि सिमडेगा विधानसभा की जनता अब जाग चुकी है. कहा कि अब भोली-भाली जनता को गुमराह करने का खेल खत्म हो चुका है. जो लोग चुनाव के समय बरसाती मेंढक की तरह निकलते हैं और धर्म के नाम पर भाई को भाई से लड़ाते हैं. उन्हें इस भीड़ ने आज आइना दिखा दिया है. हम वो लोग हैं, जो चूल्हा-चौका भी संभालते हैं और हक के लिए सरकार से लड़ना भी जानते हैं. कहा कि विधायक भूषण बाड़ा ने एक अभिभावक की तरह इस क्षेत्र को सींचा है.
कांग्रेस में शामिल हुए कई लोग : विधायक भूषण बाड़ा के विकास कार्यों और नेतृत्व से प्रभावित होकर भाजपा व झापा को छोड़ कर भारी संख्या में लोगों ने कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण की. विधायक भूषण बाड़ा ने माला पहना कर उनका स्वागत किया. पार्टी में शामिल होने वालों में प्रमुख रूप से शांति तिर्की, बिरसा सिंह, सुदामा सिंह, सुमित तिर्की, जगमोहन किसान, मेजस मिंज, प्रकाश किस्पोट्टा, प्रवीण मिंज, सालमोन मिंज, इस्माइल कुल्लू, बलधारी सिंह, देवसर लोहरा, विनोद मांझी, सूरज लोहरा, रामकुमार, गांधुरा सिंह, सूर्य नारायण सिंह, नेहरू नगेसिया, सुरेश सिंह, मुन्नू किसान, भवनाथ सिंह, बाबूलाल मांझी, कृपा राम, संजय , चरना महली, फेलिक्स कुल्लू आदि शामिल हैं.