खरसावा: सरायकेला मुख्य मार्ग पर निर्माणाधीन बुरुडीह बाइपास का निर्माण कार्य पिछले तीन वर्षों से अधर में अटका हुआ है. निर्माण में हो रही अत्यधिक देरी का यह गंभीर मामला स्थानीय विधायक दशरथ गागराई ने विधानसभा के शून्यकाल में उठाया. उन्होंने सदन के माध्यम से सरकार से मांग की कि पथ प्रमंडल सरायकेला-खरसावां के अधीन चल रहे इस निर्माण कार्य में तेजी लाकर इसे शीघ्र पूरा कराया जाए, ताकि आम जनता को इसका समय पर लाभ मिल सके.
जाम और संकरी सड़क से मिलेगी राहत
वर्तमान में खरसावां-सरायकेला मार्ग बुरुडीह गांव के बीच से होकर गुजरता है. सड़क संकरी होने के कारण प्रतिदिन सैकड़ों सवारी और मालवाहक वाहनों के आवागमन से यहां अक्सर भारी जाम की स्थिति बनी रहती है. यह मुख्य मार्ग खरसावां और कुचाई प्रखंड को सीधे जिला मुख्यालय सरायकेला से जोड़ता है. बाइपास का निर्माण पूरा होने पर भारी वाहन गांव के बाहर से गुजरेंगे, जिससे स्थानीय लोगों को यातायात की समस्या और जाम से स्थायी राहत मिलेगी.
4 महीने बाद भी काम अधूरा
मालूम हो की, 7.59 करोड़ रुपये की लागत से 1.554 किमी लंबी सड़क का निर्माण किया जा रहा है. यह बाइपास बुरुडीह रेलवे ओवरब्रिज के सामने से बुरुडीह गांव के बाहर होते हुए पंचू ढाबा तक बनेगा. परियोजना के लिए बुरुडीह, बेगनाडीह और हांसदा मौजा के कुल 98 रैयतों से 10.4595 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया गया है. चार माह का लक्ष्य होने के बावजूद 14 महीने बाद भी काम अधूरा रहने से क्षेत्रीय लोगों में नाराजगी है. विधायक ने निर्माण कार्य को अविलंब पूरा कराने पर जोर दिया है.
