सरायकेला. चमारू गांव में चड़क पूजा के साथ छऊ नृत्य का आयोजन
पीठ पर लोहे की कील ठोक कर टांगा पर झूले शिव भक्त
सरायकेला : गम्हरिया प्रखंड अंतर्गत चमारू गांव में ज्येष्ठ संक्रांति पर चड़क पूजा के साथ छऊ नृत्य का आयोजन किया गया. बुधवार की सुबह शिवपूजन के साथ गाजाडांग का आयोजन किया गया. गाजाडांग में भक्त अपने पीठ पर लोहे की कील ठोक कर पचास फीट ऊपर टांगा में झूले एवं अपनी भक्ति दिखायी. सैकड़ों भक्तों ने मंदिर में भगवान भोलेनाथ की पूजा-अर्चना भी की. जबकि मंगलवार की रात शिव मंदिर प्रांगण में सरायकेला शैली तथा नीचे टोला व डुंगरी टोला में मानभूम शैली छऊ नृत्य का आयोजन किया गया.
बच्चों का कराया गया मुंडन संस्कार:
इस अवसर पर चमारु गांव में कई बच्चों का मुंडन संस्कार भी कराया गया. मान्यता है कि बच्चे के जन्म के बाद यहां मुंडन संस्कार कराने से बच्चे का स्वास्थ्य अच्छा रहता है.
150 वर्ष पुराना है मंदिर:
चमारु गांव का शिव मंदिर 150 वर्ष पुराना है. यहां भगवान शिव की पूजा करने के लिए दूर दराज से भक्त पहुंचे थे.
