रांची : झारखंड विधानसभा गेट के बाहर स्थिति तनावपूर्ण हो गई. सभी छात्र कैंपस के अंदर जमे हुए हैं. दूसरी तरफ इस मामले में हेमंत सरकार का बयान भी आ गया है. ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने कहा कि विधानसभा सत्र में छात्रों को लेकर चर्चा हुई है. उनके सभी मुद्दों को लेकर सरकार गंभीर है. उन्होंने यह भी कहा कि छात्रों का यह प्रोटेस्ट पहले से निर्धारित था, हालांकि हम लोगों ने आंदोलन कर रहे छात्रों से बातचीत करने की कोशिश की लेकिन छात्र नहीं माने. आज तमाम छात्र विधानसभा का घेराव कर रहे हैं लेकिन हमारी सरकार में छात्रों पर कोई भी बल प्रयोग नहीं किया है. उनके आंदोलन पर सरकार में पुलिस की तरफ से कोई लाठी चार्ज नहीं हुई है.
सरकार से 3 राउंड की हो चुकी है वार्ता
इससे पहले अलग अलग छात्रों के प्रतिनिधि मंडल से सरकार की 3 राउंड वार्ता हुई. रविवार को 5 घंटे की मैराथन बातचीत चली लेकिन सहमति बन सकी. जिसके बाद छात्रों ने पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत सोमवार को विधानसभा का घेराव कर डाला. जब पुलिस ने लाठीचार्ज किया तो छात्र खेत के रास्ते विधानसभा कैंपस के अंदर प्रवेश कर गए. दूसरी तरफ सरकार का दावा है कि हमने छात्रों के 98 फीसदी मांगों को मान लिया है.
गेट नंबर-1 के पास स्थिति तनावपूर्ण
झारखंड विधानसभा घेराव के दौरान गेट नंबर-1 के पास स्थिति तनावपूर्ण हो गई है. बड़ी संख्या में छात्र विधानसभा के गेट के सामने हुए हैं और अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया. दूसरी तरफ छात्रों के जुटने के बाद मौके पर पुलिस बल की तैनाती बढ़ा दी गई. सुरक्षा व्यवस्था के तहत बैरिकेडिंग की गई है और पुलिस लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है. प्रदर्शनकारियों की भीड़ बढ़ने से इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है. विधानसभा परिसर की सुरक्षा को देखते हुए पुलिस और प्रशासन पूरी स्थिति पर निगरानी रख रहे हैं.
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