मौसम विभाग की चेतावनी, झारखंड के इन 3 जिलों में होगी भारी बारिश, रहें सतर्क

Jharkhand Rain Alert: झारखंड के उत्तर-पूर्वी भाग में भारी बारिश की चेतावनी मौसम विभाग ने दी है. कहा है कि कुछ जिलों में कहीं-कहीं भारी बारिश होगी. कुछ जगहों पर गरज के साथ वर्षा-वज्रपात होने की भी संभावना है. 30 से 40 किलोमीटर की रफ्तार से तेज हवाएं भी चल सकतीं हैं.

Jharkhand Rain Alert: मौसम विभाग ने चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि झारखंड के 3 जिलों में 31 जुलाई 2025 को भारी बारिश होगी. कुछ जगहों पर वज्रपात होने की भी संभावना है. इस दौरान मेघ गरजेंगे और तेज हवाएं चलेंगी. हवा की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे रह सकती है. मौसम विभाग ने इन जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी कर दिया है.

देवघर, दुमका और जामताड़ा में आज होगी भारी वर्षा

रांची स्थित मौसम केंद्र के प्रमुख अभिषेक आनंद ने प्रभात खबर (prabhatkhabar.com) को बताया कि गुरुवार को राज्य के उत्तर-पूर्वी भाग (देवघर, दुमका और जामताड़ा) के कुछ जिलों में कहीं-कहीं भारी वर्षा होने की संभावना है. उन्होंने बताया कि रांची से होते हुए एक मानसून ट्रफ बंगाल की खाड़ी की ओर बढ़ रहा है, जिसका असर झारखंड के मौसम पर देखने को मिलेगा.

रांची से बंगाल की खाड़ी की ओर गुजर रहा मानसून ट्रफ

उन्होंने बताया कि मानसून ट्रफ इस वक्त बीकानेर, सीकर, दतिया, सीधी, रांची, दीघा से गुजरते हुए पूर्वोत्तर बंगाल की खाड़ी की ओर जा रहा है. उन्होंने यह भी कहा कि एक ट्रफ पश्चिमोत्तर मध्यप्रदेश से पूर्वोत्तर बंगाल की खाड़ी से लेकर झारखंड तक फैला हुआ है. इसके असर से झारखंड के कई जिलों में वर्षा-वज्रपात होने की संभावना है.

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24 घंटे के दौरान झारखंड में कमजोर रहा मानसून

मौसम वैज्ञानिक ने कहा कि पिछले 24 घंटे के दौरान मानसून कमजोर रहा. कई जगहों पर गरज के साथ हल्के से मध्यम दर्जे की वर्षा हुई. सबसे अधिक 62.1 मिमी वर्षा धनबाद जिले के भावनाथपुर में हुई. सबसे अधिक उच्चतम तापमान गोड्डा में 34.5 डिग्री और सबसे कम न्यूनतम तापमान 21.6 डिग्री लातेहार में रहा.

रांची में धीरे-धीरे बढ़ने वाला है उच्चतम तापमान

मौसम केंद्र के प्रमुख ने बताया है कि राजधानी रांची में अब धीरे-धीरे उच्चतम तापमान में अगले कुछ दिनों में वृद्धि होगी. गुरुवार 31 जुलाई 2025 को रांची में बादल छाये रहेंगे. एक या दो बार हल्के से मध्यम दर्जे की वर्षा होगी. अधिकतम तापमान 29 डिग्री और न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेंटीग्रेड रह सकता है.

झारखंड में 51 फीसदी अधिक बरसा मानसून

उन्होंने बताया कि झारखंड में मानसून के सीजन में अब तक 752.3 मिलीमीटर वर्षा हो चुकी है. यह सामान्य से 51 फीसदी अधिक है. आमतौर पर झारखंड में 1 जून से 30 जुलाई के बीच 499.3 मिलीमीटर वर्षा को सामान्य वर्षापात माना जाता है.

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By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

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