Hemant Soren, रांची (सुनील चौधरी की रिपोर्ट): झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) ने राज्य की बदलती राजनीतिक परिस्थितियों के बीच अपने संगठन को बूथ स्तर से लेकर जिला स्तर तक अभेद्य बनाने की कवायद तेज कर दी है. मंगलवार को रांची स्थित मुख्यमंत्री आवास पर पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष सह मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में वरिष्ठ नेताओं और पदाधिकारियों की एक अहम बैठक बुलाई गई. इस बैठक का मुख्य उद्देश्य आगामी चुनौतियों से निपटने के लिए कार्यकर्ताओं को मानसिक और संगठनात्मक रूप से तैयार करना था.
सरना धर्म कोड और जनगणना पर आर-पार की रणनीति
बैठक के दौरान विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और आगामी जनगणना जैसे ज्वलंत मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई. मुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि सरना धर्म कोड को जनगणना में शामिल कराना पार्टी की प्राथमिकता है और इसके लिए संघर्ष जारी रहेगा. उन्होंने कार्यकर्ताओं को याद दिलाया कि राज्य सरकार ने इसकी अनुशंसा केंद्र को भेज दी है, लेकिन उनकी ओर से अब तक कोई सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया है. मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं को निर्देश दिया कि वे जनता के बीच जाकर केंद्र के इस ‘उदासीन रवैये’ को उजागर करें.
पंचायत से महानगर तक मजबूती का ‘टास्क’
दो दिवसीय बैठक के पहले दिन 12 जिलों से आए पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया. मुख्यमंत्री ने संगठन की मजबूती पर जोर देते हुए कहा कि वर्तमान राजनीतिक हालात में प्रत्येक कार्यकर्ता की जिम्मेदारी बढ़ गई है. उन्होंने निर्देश दिया कि बूथ, पंचायत, वार्ड, प्रखंड और जिला स्तर पर कमेटियों को पुनर्गठित और सक्रिय किया जाए. विशेष रूप से नगर और महानगर कमेटियों को अधिक प्रभावी बनाने पर बल दिया गया ताकि शहरी क्षेत्रों में भी पार्टी का आधार मजबूत हो सके.
भाजपा के खिलाफ मोर्चाबंदी और जन-संपर्क
बैठक में भाजपा के कथित राजनीतिक षड्यंत्रों के खिलाफ एकजुट होकर लड़ने का संकल्प लिया गया. पार्टी नेताओं ने जोर दिया कि एसआईआर (SIR) के नाम पर किसी भी नागरिक के लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन नहीं होने दिया जाएगा. सीएम ने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने में ‘पुल’ का कार्य करें. साथ ही, कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित करने के लिए जल्द ही एक विशेष अभियान चलाने का भी निर्णय लिया गया.
प्रमुख नेताओं की उपस्थिति
बैठक का सफल संचालन केंद्रीय महासचिव विनोद पांडेय ने किया. इस महत्वपूर्ण चर्चा में राजमहल सांसद विजय हांसदा, प्रो. स्टीफन मरांडी, हेमलाल मुर्मू और पंकज मिश्रा सहित कई दिग्गज नेता शामिल हुए. गुरुवार को बैठक का दूसरा चरण आयोजित होगा, जिसमें शेष 12 जिलों के पदाधिकारी मुख्यमंत्री के साथ रणनीति साझा करेंगे.
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