रांची में बोले गिरिराज सिंह- झारखंड में तसर रेशम कीट पालन करने वालों की मदद करे नाबार्ड

Giriraj Singh in Ranchi: गिरिराज सिंह ने कहा कि तसर रेशम कीट का गृह कीटपालन भी किया जाये. जहां कीटपालन किया जाये, वहां सीसीटीवी कैमरा लगायें, ताकि कीड़े की गतिविधि को रिकॉर्ड किया जा सके. अगर यह सफल होता है, तो गृह कीटपालन से अधिक-से-अधिक तसर कीटपालक लाभान्वित होंगे.

Giriraj Singh in Ranchi: केंद्रीय वस्त्र मंत्री गिरिराज सिंह ने नाबार्ड से आग्रह किया है कि वह झारखंड में तसर रेशम कीट का पालन करने वाले गरीब एवं आदिवासी किसानों की आर्थिक मदद करें. वह रांची के नगड़ी में केंद्रीय तसर अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्‍थान में राष्‍ट्रीय तसर रेशम कृषि मेला सह इस संस्‍थान के 61वें स्‍थापना दिवस समारोह को संबोधित कर रहे थे. समारोह में शामिल सभी अतिथियों ने तसर उद्योग के विकास एवं गति तथा इसमें तसर संस्था रांची के योगदान एवं सहभागिता की आवश्यकता पर प्रकाश डाला.

केंद्रीय रेशम बोर्ड में हुई है रेशम के उत्पादन में बढ़ोतरी

गिरिराज सिंह ने कहा कि जब से पी शिवकुमार केंद्रीय रेशम बोर्ड के सदस्‍य सचिव बने हैं, तब से पूरे केंद्रीय रेशम बोर्ड में रेशम उत्‍पादन में बढ़ोतरी हुई है. मंत्री ने कहा कि भारत विश्‍व का एकमात्र देश है, जहां रेशम की चारों प्रजातियां- शहतूत, तसर, मूगा एवं रेशम का उत्‍पादन होता है. उन्‍होंने केंद्रीय तसर अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्‍थान रांची के निदेशक डॉ एनबी चौधरी से अनुरोध किया कि प्रक्षेत्र में तसर रेशम कीटपालन के साथ-साथ उप-उत्‍पादों को भी बढ़ावा दें, ताकि इससे किसानों की आय में और बढ़ोतरी हो सके.

गृह कीटपालन की भी गिरिराज सिंह ने दी सलाह

वस्त्र मंत्री ने कहा कि तसर रेशम कीट का गृह कीटपालन भी किया जाये. जहां कीटपालन किया जाये, वहां सीसीटीवी कैमरा लगायें, ताकि कीड़े की गतिविधि को रिकॉर्ड किया जा सके. अगर यह सफल होता है, तो गृह कीटपालन से अधिक-से-अधिक तसर कीटपालक लाभान्वित होंगे.

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रेशम उत्पादन में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले किसान पुरस्कृत

उन्‍होंने कहा कि तसर रेशमकीट को अर्जुन एवं आसन के पत्ते के अलावा दूसरे पौधे के पत्ते खिलाकर भी देखें कि क्‍या दूसरे पौधे से तसर रेशम कीट कोसा बना सकता है. गिरिराज सिंह ने 3 पीजीडीएस प्रशिक्षणार्थियों को स्‍नातकोत्तर डिप्‍लोमा प्रशिक्षण में उत्‍कृष्‍ट प्रदर्शन के लिए पुरस्‍कृत किया. रेशम उत्‍पादन में उत्‍कृष्‍ट प्रदर्शन करने वाले किसानों को भी पुरस्‍कृत किया गया.

मोटराइज्ड तसर धागाकरण मशीन के लिए हुआ एमओयू

केंद्रीय तसर अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्‍थान एवं बायोसेफ रांची के साथ सरिहन इकोरेस एवं मोटराइज्‍ड तसर धागाकरण मशीन के लिए एमओयू भी किया गया. कार्यक्रम में तसर संस्‍थान की ओर से प्रकाशित छह पुस्‍तकों का विमोचन किया गया. कार्यक्रम में संस्‍थान के सभी वैज्ञानिक, अधिकारी, कर्मचारी के अलावा भारत के विभिन्‍न राज्‍यों से आये वैज्ञानिक, तकनीकी कर्मचारी एवं किसान मौजूद थे.

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By Mithilesh Jha

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