Ranchi News : विदेशी मशीन व मलयेशिया के 72 केबल से तैयार हुआ फ्लाइओवर

मोनो पाइलिंग सिस्टम से पहली बार हुआ काम.

मनोज लाल, रांची.

सिरमटोली-मेकन फ्लाइओवर में रांची रेलवे लाइन व मौजूदा ओवरब्रिज के ऊपर केबल का उपयोग हुआ है. पहली बार झारखंड में केबल का इस्तेमाल करके ब्रिज तैयार किया गया है. चूंकि, रेलवे व ओवरब्रिज के हिस्से में पिलर नहीं हो सकता था. ऐसे में मलयेशिया से 72 केबल मंगाये गये. 36 केबल का इस्तेमाल रेलवे लाइन व 36 केबल का इस्तेमाल ओवरब्रिज के ऊपर किया गया है. हर केबल कवर्ड है. एक कवर्ड केबल में 55 केबल हैं. इसके सहारे ज्यादा से ज्यादा लोड वहन किया जा सकता है. लोड के मुताबिक केबल को टाइट किया जा सकता है. इसे ईस्टर्न रेलवे का सबसे बड़ा केबल स्टे ब्रिज माना जा रहा है.

विदेश से मंगायी गयी मोनो पाइलिंग मशीन

सिरमटोली-मेकन फ्लाइओवर के निर्माण में पहली बार यहां मोनो पाइलिंग सिस्टम का इस्तेमाल किया गया. इसके लिए मोनो पाइलिंग मशीन विदेश से मंगायी गयी थी. इस मशीन से सिंगल ड्रिल करके पाइलिंग की गयी. इससे सात से आठ मीटर तक चट्टान को भी काटा गया. वहीं, निवारणपुर जैसे व्यस्ततम इलाके में भी इस मशीन का इस्तेमाल कर लोगों के मकानों के सामने पाइलिंग करने में सफलता मिली. इस मशीन के इस्तेमाल से जमीन के अंदर का केबल व पाइप कम से कम क्षतिग्रस्त हुआ. साथ ही इससे काम को गति देने में भी सफलता मिली.

आधुनिक डिजाइन व तकनीक का इस्तेमाल

इस फ्लाइओवर के निर्माण में आधुनिक डिजाइन व तकनीक का इस्तेमाल हुआ है. एलएंडटी कंपनी को यह काम इपीसी मोड में मिला था. ऐसे में डिजाइन में उसने जरूरत के मुताबिक मोडिफाई भी किया. कंपनी ने कई विशेषज्ञों को यहां लाकर इसके निर्माण में सलाह ली. बुर्ज खलीफा के निर्माण में लगे इंजीनियर भी यहां निरीक्षण करने पहुंचे थे.

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Published by: Rajiv kumar

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