हेमंत सोरेन सरकार पर अमर बाउरी का बड़ा हमला- मदर टेरेसा क्लिनिक के नाम पर धर्मांतरण बढ़ाने की तैयारी

Atal Mohalla Clinic Vs Mother Teresa Clinic: हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में पिछले दिनों अटल मोहल्ला क्लिनिक का नाम बदलकर मदर टेरेसा एडवांस्ड हेल्थ क्लिनिक करने का फैसला लिया. इस पर भाजपा ने सख्त ऐतराज जताया. अब अमर कुमार बाउरी ने हेमंत सोरेन सरकार पर हमला बोलते हुए कहा है कि इसकी आड़ में धर्मांतरण को बढ़ावा देने की साजिश रची जा रही है. बाउरी ने और क्या-क्या आरोप लगाये, यहां पढ़ें.

Atal Mohalla Clinic Vs Mother Teresa Clinic: पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नाम पर झारखंड में शुरू की गयी अटल मोहल्ला क्लिनिक का नाम बदले जाने पर राजनीति तेज हो गयी है. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने हेमंत सोरेन को न केवल कठघरे में खड़ा किया है, बल्कि उनकी सरकार पर धर्मांतरण को बढ़ावा देने की तैयारी करार दिया है.

नाम बदला तो चुप नहीं बैठेगी बीजेपी – अमर बाउरी

भाजपा के वरिष्ठ नेता और झारखंड विधानसभा के पूर्व नेता प्रतिपक्ष अमर कुमार बाउरी ने शनिवार को पार्टी कार्यालय में प्रेस को संबोधित करते हुए कहा कि मदर टेरेसा क्लिनिक के नाम पर हेमंत सोरेन सरकार धर्मांतरण बढ़ाने की तैयारी कर रही है. उन्होंने कहा कि क्लिनिक का नाम बदले जाने पर भाजपा चुप नहीं बैठेगी. सदन से सड़क तक आंदोलन होगा.

Atal Mohalla Clinic का नाम बदलना सरकार की बड़ी साजिश – बाउरी

बाउरी ने कहा कि झुग्गी बस्तियों में चलने वाले क्लिनिक का नाम बदलकर मदर टेरेसा एडवांस्ड हेल्थ क्लिनिक करना इस सरकार की एक बड़ी साजिश है. कहा कि भाजपा मदर टेरेसा का सम्मान करती है. उनकी सेवा भावना और गरीबों, कुष्ठ रोगियों के लिए की गयी सेवा को भुलाया नहीं जा सकता. भारत सरकार ने उन्हें कई बड़े अलंकरणों से सम्मानित भी किया है.

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मदर टेरेसा के निर्मल हृदय पर लगा है बच्चा चोरी का आरोप – बाउरी

अमर कुमार बाउरी ने कहा कि इतना सब होने के बाद यह भी सच है कि मदर टेरेसा के द्वारा स्थापित संस्थान निर्मल हृदय पर बच्चा चोरी का आरोप भी लगा है. यह भी सच है कि ऐसी संस्थाएं सेवा के नाम पर लाखों गरीबों को स्वास्थ्य सुविधा, भोजन और वस्त्र उपलब्ध कराकर उनकी पहचान, उनके धर्म, संस्कार को बदलने का कार्य भी किया है. भाजपा नेता ने कहा कि धर्मांतरण की समस्या झारखंड की एक बड़ी समस्या है. इसे मदर टेरेसा क्लिनिक के सहारे और तेज करने की साजिश राज्य सरकार रच रही है.

भाजपा नेता अमर बाउरी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया. फोटो : प्रभात खबर

‘झारखंड आंदोलन को खरीदने-बेचने में लगे थे सत्ताधारी दल कांग्रेस-राजद-झामुमो’

बाउरी ने कहा कि वाजपेयी जी ने झारखंड की जनभावनाओं का सम्मान करते हुए अलग राज्य का गठन किया था. भगवान बिरसा मुंडा की जयंती 15 नवंबर 2000 के दिन आंदोलनकारियों के सपनों को साकार किया. आज राज्य के सत्ताधारी दल कांग्रेस-राजद-झामुमो आंदोलन को बेचने-खरीदने में लगे थे. दिखावे के लिए ऑटोनोमस काउंसिल पर ही सहमत हो गये थे, जबकि नीयत साफ रहती, तो वर्ष 2000 से पहले ही अलग राज्य का गठन करा सकते थे.

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रघुवर दास की सरकार ने शुरू किया था क्लिनिक

उन्होंने कहा कि झामुमो-कांग्रेस-राजद की नीयत कभी साफ नहीं रही. अलग झारखंड राज्य का नक्शा भी भाजपा के वनांचल राज्य का नक्शा है, जो वाजेपयी जी की देन है. बाउरी ने कहा कि वाजपेयी झारखंड के कण-कण में बसे हैं. तत्कालीन मुख्यमंत्री रघुवर दास ने पूर्व प्रधानमंत्री को श्रद्धांजलि स्वरूप अटल मोहल्ला क्लिनिक की स्थापना की थी. इसे हेमंत सोरेन सरकार ने बदलकर मदर टेरेसा क्लिनिक करने का निर्णय लिया है.

भाजपा बोली- मदर टेरेसा कैसे झारखंड की दिखने लगीं

भाजपा नेता ने कहा कि हेमंत सरकार को बताना चाहिए कि मदर टेरेसा का झारखंड में क्या योगदान है. विश्वविद्यालय के नाम परिवर्तन में झारखंड से बाहर का उदाहरण देने वाली सरकार को मदर टेरेसा कैसे झारखंड की दिखने लगीं. कहा कि यह नाम परिवर्तन स्वास्थ्य सेवा को ठीक करने के लिए नहीं, बल्कि स्वास्थ्य की आड़ में धर्मांतरण को बढ़ावा देने के लिए सरकारी संरक्षण है.

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मुख्यमंत्री खुलकर बदलाव की घोषणा करें – बाउरी

उन्होंने कहा कि यह आशंका है कि आने वाले दिनों में हेमंत सोरेन सरकार मदर टेरेसा क्लिनिक को स्वयंसेवी संस्थाओं के माध्यम से चलाने का निर्णय करेगी, जिसमें धर्मांतरण कराने वाली संस्थाएं शामिल होंगी. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सरकार के मुखिया हैं. यदि राज्य सरकार का यह निर्णय उचित है, तो वे सार्वजनिक तौर पर मीडिया के माध्यम से नाम परिवर्तन पर अपनी सहमति व्यक्त करें.

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By Mithilesh Jha

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