रांची : कोल इंडिया की टॉप 35 खदानों में सीसीएल से मात्र चार

सीसीएल की कंपनी आम्रपाली ओसीपी ने वार्षिक तय लक्ष्य से अधिक उत्पादन कर दिया है. आम्रपाली का लक्ष्य 16.1 मिलियन टन कोयला उत्पादन का था. इसकी तुलना में कंपनी ने 17.2 एमटी कोयला उत्पादन किया है.

रांची : कोल इंडिया ने जनवरी माह तक के उत्पादन के प्रदर्शन के आधार पर टॉप 35 खदानों की सूची तैयार की है. इसमें सीसीएल से चार खदान शामिल हैं. वहीं, बीसीसीएल से एक भी खदान टॉप 35 खदानों की सूची में शामिल नहीं है. वहीं इसीएल की दो खदान इस सूची में शामिल हैं. यह सूची कंपनी ने जनवरी माह तक उत्पादन के आधार पर तय किया है. इसमें पहले तीन नंबर पर एसइसीएल की तीन कंपनियां हैं. सबसे अधिक करीब 44 मिलियन टन कोयले का उत्पादन गेवरा ने किया है. खदान ने तय लक्ष्य का खराब 95.21 फीसदी किया है.

आम्रपाली ने किया लक्ष्य से अधिक उत्पादन

सीसीएल की कंपनी आम्रपाली ओसीपी ने वार्षिक तय लक्ष्य से अधिक उत्पादन कर दिया है. आम्रपाली का लक्ष्य 16.1 मिलियन टन कोयला उत्पादन का था. इसकी तुलना में कंपनी ने 17.2 एमटी कोयला उत्पादन किया है. सीसीएल के मगध ने 15.3 एमटी कोयला का उत्पादन कर लिया है. इसी तरह अशोका ने 8.1 तथा कोनार खासमहल ने 4.09 मिलियन टन कोयले का उत्पादन कर लिया है.

कोल इंडिया में 618 एमटी कोयला उत्पादन

कोल इंडिया ने अब तक 618 मिलियन टन कोयला उत्पादन कर लिया है. सिंगरैनी कोल कंपनी ने 57 तथा अन्य कैप्टिव कंपनियों ने अब तक 112 मिलियन टन कोयला उत्पादन कर दिया है.

किस कंपनी की कौन-कौन खदान हैं टॉप 35 में शामिल

एसइसीएल (चार)-गवेरा, कुसमुंडा, दीपिका, मानिकपुर

एमसीएल (14)-भुवनेश्वरी, लखनपुर, कुलदा, गर्जनबहल, अनंता, एमसीएल, कन्हैया, हिंगुला, भरतपुर, बेलपहाड़, बलराम, साइरमल, समलेश्वरी, जगन्नाथ.

एनसीएल (नौ)- जयंत, दुधिचुहा, निगाही, अमलोहारी, बीना, कृष्णहंसा, खदिया (एमपी), खदिया (यूपी), ब्लॉक बी.

सीसीएल (चार)- आम्रपाली, मगध, अशोका, कोनार खासमहल.

इसीएल (दो) – राजमहल, सोनपुर बजारी

डब्ल्यूसीएल(दो)-मुंगोली निरगुडा, पेंगानागा

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By Prabhat Khabar News Desk

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