रांची : 3.19 किलो अफीम तस्करी के मामले में न्यायायुक्त सह एनडीपीएस के विशेष न्यायाधीश अनिल कुमार मिश्रा नंबर-1 की अदालत ने सोमवार को तीन आरोपियों को 15-15 साल के कठोर कारावास की सजा सुनायी. अदालत ने प्रत्येक आरोपी पर 1-1 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है. जुर्माने की राशि नहीं देने पर तीनों को छह-छह महीने की अतिरिक्त सजा काटनी होगी.
गवाहों के बयान और साक्ष्यों के आधार पर दोषी करार
मामले में एनसीवी के विशेष लोक अभियोजक कुमार वशिष्ठ प्रसाद ने सात गवाह पेश किये. गवाहों के बयान और एनसीवी की ओर से पेश किये गये साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने तीनों आरोपियों को दोषी करार दिया.
ये भी पढ़ें: गोंदा डैम का बढ़ा जलस्तर, किसी भी समय खोले जा सकते हैं गेट; प्रशासन ने जारी किया अलर्ट
ओरमांझी में बस की तलाशी के दौरान मिली थी अफीम
मामला ओरमांझी टोल प्लाजा के पास का है. एनसीवी ने गुप्त सूचना के आधार पर रांची से हजारीबाग जा रही बस (जेएच-02एडब्ल्यू-5829) को रोका था. तलाशी के दौरान चतरा निवासी छोटू डांगी उर्फ ललन कुमार डांगी और नरेश कुमार के पास से नीले-धूसर रंग के बैग में रखी प्लास्टिक की पुड़िया से 3.190 किलो अफीम बरामद हुई थी.
जांच में महेंद्र मुंडा को बताया गया कथित आपूर्तिकर्ता
मामले की जांच के दौरान खूंटी निवासी महेंद्र मुंडा को कथित आपूर्तिकर्ता के रूप में गिरफ्तार किया गया था. इसके बाद मामले में उपलब्ध साक्ष्यों और गवाहों के बयानों के आधार पर अदालत ने तीनों आरोपियों को दोषी ठहराते हुए सजा सुनायी.
ये भी पढ़ें: नगड़ी में जल जीवन मिशन की रफ्तार सुस्त, 42 में 3 योजनाएं पूरी; एजेंसी को एक सप्ताह का अल्टीमेटम
