रांची : मुख्य सचिव डॉ डीके तिवारी ने राज्य के अफसरों से कहा है कि वे किसी भी मामले में अपना पक्ष कोर्ट के समक्ष प्रत्यक्ष रूप से न रखें. यानी वे कोर्ट से पत्राचार न करें, बल्कि उचित माध्यम से ही अपना पक्ष रखें. अगर वे उचित माध्यम से अपना पक्ष कोर्ट में नहीं रखते हैं, तो उनके पक्ष पर विचार नहीं किया जाता है. कोर्ट सीधे तौर पर भेजे गये पत्र को स्वीकार्य नहीं करता है.
अधिकारी कोर्ट में उचित माध्यम से रखें अपना पक्ष : सीएस
रांची : मुख्य सचिव डॉ डीके तिवारी ने राज्य के अफसरों से कहा है कि वे किसी भी मामले में अपना पक्ष कोर्ट के समक्ष प्रत्यक्ष रूप से न रखें. यानी वे कोर्ट से पत्राचार न करें, बल्कि उचित माध्यम से ही अपना पक्ष रखें. अगर वे उचित माध्यम से अपना पक्ष कोर्ट में नहीं […]

मुख्य सचिव ने सारे विभागों के सचिवों के साथ ही विभागाध्यक्षों, आयुक्तों, उपायुक्तों व पुलिस अधीक्षकों को इस संबंध में पत्र भेजा है. उन्होंने लिखा है कि वे अपने अधीनस्थ अफसरों को यह निर्देश दें कि वे उचित माध्यम की प्रक्रिया को अपनायें. रेखा देवी बनाम राज्य सरकार से संबंधित एक मामले में कोर्ट ने आदेश दिया है कि अफसर द्वारा प्रत्यक्ष रूप से पत्राचार किया गया है. इससे अवगत होने के बाद मुख्य सचिव ने निर्देश जारी किया है.
उन्होंने लिखा है कि पक्ष रखने का प्रावधान तय है. राज्य सरकार के पदाधिकारी महाधिवक्ता के माध्यम से पक्ष रखेंगे, ऐसा प्रावधान किया गया है. अगर कोई पदाधिकारी इस प्रावधान का उल्लंघन करके कोर्ट से सीधा पत्राचार करते हैं, तो इसे सरकारी आचार नियमावली 1976 का उल्लंघन माना जायेगा.