चान्हो : आप नर्स जिस पेशा से जुड़ रही हैं, उसका मूल उद्देश्य सेवा है. इस पेशा में सबसे अधिक जरूरी आपका व्यवहार है. क्योंकि अस्पताल में मरीज सिर्फ आपको जानता है. डॉक्टर आयेंगे और पांच या दस मिनट में कुछ बता कर चले जायेंगे. इसके बाद मरीज की सारी जिम्मेवारी नर्सों पर ही होती है. नर्सों को मरीज की मेंटालिटी, साइकोलॉजी को समझने व उसके रिश्तेदारों को हैंडल करने की क्षमता होना जरूरी है.
उक्त बातें सोमवार को चान्हो के मसमानो स्थित नर्सिंग कौशल कॉलेज में सोमवार को एएनएम नर्सिंग कोर्स के दूसरे बैच की छात्राओं के लिए कैपिंग एवं लैंप लाइटिंग सेरेमनी में बतौर मुख्य अतिथि स्वास्थ्य, चिकित्सा एवं परिवार कल्याण विभाग झारखंड सरकार के सचिव डॉ नितिन मदन कुलकर्णी ने कही. नर्सिंग की परीक्षा में डिस्टिंक्शन के साथ उत्तीर्ण होने पर पहले बैच की छात्राओं को बधाई दी. उन्होंने कहा कि नर्स आइसीयू केयर, न्यूरो केयर, कार्डियक केयर में स्पेशियलिटी हासिल करें. श्री कुलकर्णी ने बताया की विभाग तीन स्पेशल कोर्स आइसीयू केयरिंग, न्यूरो केयरिंग व ओटी केयरिंग शुरू करने जा रही है.
कॉलेज के निदेशक डॉ आरके चौधरी ने स्वागत भाषण दिया. कार्यक्रम में पैन आइआइटी के सीपीओ मीनाक्षी कुमार व एचएफडीसी के कॉरपोरेट सोशल रेस्पांसिब्लिटी इंचार्ज विकास गुप्ता ने नर्सिंग की छात्राओं को दी जा रही छात्रवृत्ति व सहायता की जानकारी दी.
एसपीवी प्रेझा फाउंडेशन, कल्याण विभाग झारखंड सरकार की ओर से आयोजित सेरेमनी में 112 छात्राओं ने नर्सिंग की जिम्मेदारियों को ईमानदारी पूर्वक निर्वह्न करने की शपथ ली. संचालन वर्षा व जयंती ने तथा धन्यवाद ज्ञापन कॉलेज के उपनिदेशक डॉ शैलेश कुमार पिहल ने किया.
छात्राओं ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया. मौके पर जिप सदस्य बबीता देवी, अजीत सिंह, सिस्टर जया, रंजना सिन्हा, आलोक कुमार पांडेय, बारबरा एक्का, जे जय भारती, नैंसी राजेल, प्रेमा शालिनी तिर्की, सफीना टोप्पो, विक्रम मजूमदार, निमी रोश कुजूर, जॉन कच्छप, अश्विनी सुमन, सोहानी घोष, हेमलता कच्छप आदि मौजूद थे.
