युवाओं को सफल होने के लिए हमेशा अग्रसर रहना चाहिए
स्वामी विवेकानंद के आदर्शों को अपने जीवन में उतारने की जरूरत
रांची : आइएसएम रांची में शनिवार को आयोजित लीडरशिप समिट में कृषि निदेशक रमेश घोलप ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि आगे बढ़ने में कई तरह की कठिनाइयां सामने आयेंगी, उनसे डरने की जरूरत नहीं है.
नहीं डरने वाला ही सफल लीडर होता है. इस दौरान उन्होंने अपने अनुभव विद्यार्थियों के साथ साझा किये. श्री घोलप लीडरशिप समिट में बतौर मुख्य अतिथि मौजूद थे. लीडरशिप समिट का विषय वैश्विक परिप्रेक्ष्य में नेतृत्व उत्कृष्टता प्राप्त करना था.
वहीं, समिट में विशिष्ट अतिथि के तौर पर मौजूद आइआइसीएम के कार्यकारी निदेशक पीसी मिश्र ने कहा कि सफल नेतृत्वकर्ता बनने के लिए प्रतिदिन युवाओं को सहभागिता और बोलचाल के हुनर को विकसित करने की आवश्यकता है. युवाओं को सफल होने के लिए हमेशा अग्रसर रहना चाहिए.
कार्यक्रम में रांची विवि के वाणिज्य विभाग के डॉ एसएनएल दास ने कहा कि स्वामी विवेकानंद के आदर्शों को अपने जीवन में उतारने की जरूरत है. संस्थान के उपनिदेशक महेंद्र शुक्ला ने समिट के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला. समिट के पूर्व तकनीकी सत्र का आयोजन किया गया.
इसका विषय नेतृत्व कौशल व पारस्परिक कौशल विकसित करने की रणनीति था. इसमें आइआइसीएम के महाप्रबंधक एके मिश्रा, रांची मॉल के अधिशाषी अधिकारी राजीव गुप्ता व एमटीआइ सेल के प्रणव कुमार ने भी अपने-अपने विचार रखे. वहीं, समिट के दूसरे सत्र में डॉ हरि हरण, निफ्ट के सहायक प्राध्यापक सुजाता गुप्ता, राइज के उप फाउंडर ऋषभ साहा ने शिक्षित युवाओं के बीच प्रभावी नेतृत्व गुणवत्ता की जरूरत विषय पर विचार रखे.
समापन समारोह के मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद झारखंड स्किल डेवलपमेंट मिशन सोसाइटी के निदेशक रवि रंजन ने कहा कि झारखंड सरकार युवाओं के प्रति जागरूक है और उन्हें सफल नेतृत्व प्रदान करने के लिए कृतसंकल्प है. लीडरशिप समिट में काफी संख्या में विद्यार्थी मौजूद थे.
