उरीमारी: सावन के पावन अवसर पर सौंदा बस्ती के सरैया टोला में विस्थापित समिति की ओर से कांवड़ियों की सेवा के लिए विशेष व्यवस्था की गयी. शनिवार शाम से रविवार सुबह करीब 10 बजे तक लगभग 9 से 10 हजार कांवड़ियों का यहां से आवागमन हुआ. समिति के सदस्यों ने श्रद्धालुओं के ठहराव, जलपान और भोजन की व्यवस्था कर उनकी सेवा की.
कांवड़ियों के लिए समिति की ओर से सरबत, चाय, चना, गुड़, खीरा, सेब, केला समेत अन्य खाद्य सामग्री उपलब्ध करायी गयी. इसके अलावा श्रद्धालुओं के लिए पूरी-सब्जी और खीर की भी व्यवस्था की गयी. रात में दूर-दराज से आने वाले कांवड़ियों के ठहरने के लिए भी विशेष इंतजाम किया गया.
सेवा कार्य में समिति के सदस्यों और महिला समिति की सदस्यों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया. समिति के सदस्यों ने कहा कि कांवड़ियों की सेवा करना पुण्य का कार्य है. धार्मिक आयोजनों में श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए आगे भी हरसंभव सहयोग किया जायेगा.
सेवा कार्य को सफल बनाने में सीसीएल बरका-सयाल क्षेत्र के महाप्रबंधक रंजय कुमार सिन्हा, सयाल डी परियोजना के परियोजना पदाधिकारी एनके सिन्हा, मैनेजर सत्येंद्र कुमार, डिस्पैच ऑफिसर संतोष श्रीवास्तव तथा महिला समिति का विशेष सहयोग रहा.
सेवा कार्य में नीतीश कुमार, राजदीप प्रसाद, सुरेश गिरी, केदार प्रसाद, जनक प्रसाद, आंसु कुमार, जयनारायण प्रसाद, अंतर प्रसाद, सरिता देवी, अनुराधा देवी, शकुंतला देवी, अंजु कुमारी, नीतू साहू, सुषमा कुमारी, सपना देवी, गीता देवी, रीता देवी, विद्या देवी, अरविंद प्रसाद, श्रवण साव, प्रीतम किशोर, बासुदेव साहू, हरीनंदन प्रसाद, दिलीप प्रसाद, सुदेश प्रसाद, ललन प्रसाद साव, राजकुमार साव, आजादी कुमार, बिरजू, संजय, रवि, रंजन, हरदेव, जगदीश प्रसाद, विक्रांत, शिवजल प्रसाद, कमलेश, सुमित, अजित, हेमंत, विरण प्रसाद, सुरेंद्र प्रसाद, रामभजन प्रसाद, हरिहर प्रसाद और बिनोद प्रसाद का योगदान रहा.
