रामगढ़. बैंक ऑफ इंडिया ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) रामगढ़ में आयोजित दस दिवसीय मशरूम उत्पादन प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफलतापूर्वक समापन हुआ. समापन समारोह के दौरान संस्थान के निदेशक जशन कुजूर, संकाय सदस्य राजेंद्र कुमार और जेएसएलपीएस की संकुल समन्वयक संजना कुमारी ने सभी प्रशिक्षणार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किए.
इस अवसर पर निदेशक जशन कुजूर ने कहा कि मशरूम उत्पादन ग्रामीण महिलाओं और युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने का एक उत्कृष्ट जरिया है, जिसे कम पूंजी और सीमित संसाधनों में शुरू कर अच्छी आय अर्जित की जा सकती है.
प्रशिक्षणार्थियों को दिए गए मशरूम बैग और व्यावहारिक ज्ञान
दस दिनों के इस गहन प्रशिक्षण के दौरान संभागियों को मशरूम उत्पादन की बारीकियों, तकनीकी ज्ञान और व्यावहारिक पहलुओं से अवगत कराया गया. प्रशिक्षण समाप्त होने के बाद प्रतिभागी तुरंत अपना स्वरोजगार शुरू कर सकें, इसके लिए प्रत्येक प्रशिक्षणार्थी को संस्थान की ओर से मशरूम बैग भी उपलब्ध कराए गए.
उद्यमिता विकास और बैंक ऋण प्रक्रिया की दी गई जानकारी
मशरूम उत्पादन के तकनीकी ज्ञान के अलावा प्रशिक्षणार्थियों को व्यवसाय संचालन, उद्यमिता विकास, ग्राहक व्यवहार और बैंक ऋण प्राप्त करने की प्रक्रियाओं के विषय में भी विस्तृत जानकारी दी गई. इस समापन कार्यक्रम में मुख्य रूप से ललिता देवी, बबिता देवी, मुन्नी देवी, मीना देवी, सरिता देवी, खुशबू देवी, सीमा देवी, काजल देवी, रेखा देवी, फलेश्वरी देवी, प्रियंका देवी सहित कई अन्य प्रशिक्षणार्थी उपस्थित रहीं.
