रामगढ़ : बलकुदरा के ग्रामीणों ने सौंपा ज्ञापन, मकान तोड़ने और सड़क निर्माण पर रोक की मांग

Ramgarh News: बलकुदरा गांव के ग्रामीणों ने प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर आवासीय मकानों को तोड़कर सड़क निर्माण पर रोक और पीटीपीएस ऐश डैम की अनुपयोगी भूमि को अधिग्रहण मुक्त करने की मांग की है. इससे जुड़ी खबर नीचे पढ़ें.

अजय तिवारी की रिपोर्ट 

Ramgarh News: झारखंड के रामगढ़ जिले के पतरातू प्रखंड क्षेत्र के बलकुदरा गांव के ग्रामीणों ने उपायुक्त के नाम अंचलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर पीटीपीएस ऐश डैम के लिए अधिग्रहित अतिरिक्त और अनुपयोगी भूमि को अधिग्रहण मुक्त (डिनोटिफाई) करने तथा बिना वैधानिक प्रक्रिया के आवासीय मकानों को तोड़कर सड़क निर्माण किए जाने पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है. 

मकान हटाने की चेतावनी से ग्रामीणों में नाराजगी

ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि 30 मई को अंचल निरीक्षक और अंचल कर्मियों द्वारा क्षेत्र में भूमि की मापी की गई और ग्रामीणों को उनके आवासीय मकान हटाने की चेतावनी दी गई. इससे गांव के लोगों में भय और असंतोष का माहौल है.

1973 में ऐश डैम के लिए हुई थी भूमि अधिग्रहण

ज्ञापन में कहा गया है कि वर्ष 1973 में पीटीपीएस ऐश डैम निर्माण के लिए भूमि अधिग्रहित की गई थी, लेकिन अधिग्रहित भूमि का एक बड़ा हिस्सा आज भी अनुपयोगी पड़ा हुआ है. ग्रामीणों का दावा है कि वे दशकों से उक्त भूमि पर शांतिपूर्वक रह रहे हैं तथा उनके आवास और आजीविका का आधार वहीं है.

हाईकोर्ट में लंबित है मामला

ग्रामीणों ने यह भी उल्लेख किया है कि भूमि के एक हिस्से को अतिरिक्त और अनुपयोगी मानते हुए पूर्व में हजारीबाग के तत्कालीन अपर समाहर्ता द्वारा आदेश पारित किया गया था. इसके अलावा, इसी भूमि को अधिग्रहण मुक्त कराने को लेकर झारखंड उच्च न्यायालय में याचिका लंबित है.

बिना मुआवजा और पुनर्वास के तोड़फोड़ का आरोप

ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि बिना किसी नए नोटिस, उचित मुआवजे और पुनर्वास व्यवस्था के मकानों को तोड़ने का प्रयास किया जा रहा है, जो प्राकृतिक न्याय और संवैधानिक अधिकारों के विरुद्ध है.

वैकल्पिक मार्ग होने के बावजूद आबादी क्षेत्र पर जोर 

ग्रामीणों ने यह भी कहा कि प्रस्तावित सड़क के लिए अन्य सुरक्षित और वैकल्पिक मार्ग उपलब्ध हैं, इसके बावजूद आबादी वाले क्षेत्र को निशाना बनाया जा रहा है.

यथास्थिति बनाए रखने और भूमि मुक्त करने की मांग

ग्रामीणों ने उपायुक्त से मांग की है कि जब तक मामले का विधिसम्मत समाधान नहीं हो जाता, तब तक किसी भी प्रकार की तोड़फोड़ और सड़क निर्माण कार्य पर यथास्थिति (स्टेटस क्यू) बनाए रखने का आदेश दिया जाए. साथ ही अनुपयोगी भूमि की पुनः मापी कर उसे अधिग्रहण मुक्त करने की प्रक्रिया शुरू करने की भी मांग की गई है.

ग्रामीण पहुंचे प्रखंड सह अंचल कार्यालय

इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण प्रखंड सह अंचल कार्यालय पहुंचकर अंचल अधिकारी को ज्ञापन सौंपा. मौके पर मुखिया विजय मुंडा, राजाराम प्रसाद, रतन प्रसाद, महेंद्र सिंह, ब्रजकिशोर साहू, राम किसुन साहू, मनोज प्रसाद, विनय कुमार, प्रवीण कुमार, गणेश मुंडा, राजू मुंडा, शांति देवी, सोनी देवी, कंचन देवी, रूकमणि देवी, सविता देवी, मधु देवी समेत अन्य ग्रामीण उपस्थित थे.

यह भी पढ़ें: भू-माफिया और रंगबाजों पर काल बनकर टूटेगी झारखंड पुलिस, ADG ने दिया ‘जीरो टॉलरेंस’ का अल्टीमेटम

यह भी पढ़ें: Palamu News: रामपुर विवाद पर बोले भाजपा नेता ज्योतिरीश्वर सिंह, चेहरा देखकर नहीं, सच्चाई पर होना चाहिए न्याय

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Priya gupta

प्रिया गुप्ता पिछले एक साल से प्रभात खबर डिजिटल में जूनियर कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं. फिलहाल वह झारखंड से जुड़ी खबरों पर काम करती हैं, जिनमें सरकारी योजनाएं, प्रमुख घटनाएं, सामाजिक मुद्दे और अन्य महत्वपूर्ण विषय शामिल हैं. इससे पहले वह लाइफस्टाइल डेस्क पर फैशन, हेल्थ, रिलेशनशिप, पैरेंटिंग और रोजमर्रा की जिंदगी से जुड़े विषयों पर लेख लिख चुकी हैं. प्रिया ने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय से स्नातक और अमिटी यूनिवर्सिटी से मास्टर डिग्री हासिल की है.

और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >