बरकाकाना : रामगढ़ जिले के घुटूवा बस्ती स्थित रविदास टोला में शौचालय निर्माण में अनियमितता बरतने का मामला प्रकाश में आया है. ग्रामीणों का कहना है कि गुणवत्ता को ताक पर रख कर यहां लगभग 115 शौचालयों का निर्माण हुआ है. सभी कार्य रामगढ़ नगर परिषद ने ठेकेदार के माध्यम से कराया है. ग्रामीणों ने कई बार अनियमितता को लेकर विरोध दर्ज कराया, लेकिन कोई पहल नहीं की गयी.
अनियमितता का आलम यह है कि ठेकेदार ने सैप्टिक टैंक में ढक्कन लगा कर लाभुक के साथ फोटोग्राफी की. इसके बाद ढक्कन साथ ले गये. इसका खामियाजा लाभुक तारा देवी को चुकाना पड़ा. करीब दो महीने से सैप्टिक टैंक बगैर ढक्कन का था. इसमें गिर कर लाभुक की पत्नी तारा देवी का पैर टूट गया. अब यह लाभुक परिवार ठेकेदारों को कोस रहा है.
यह मामला सिर्फ एक-दो शौचालयों का नहीं है. गांव में बने आधा से ज्यादा शौचालय अधूरे हैं. किसी में ढलाई के जगह करकट शीट लगा दी गयी है, तो किसी के प्रवेश द्वार की ऊंचाई काफी कम है. किसी का दरवाजा नहीं खुल रहा है, तो किसी शौचालय में पानी रखने की सुविधा नहीं है. कई शौचालयों को बगैर चेंबर बनाये सीधे टंकी से जोड़ दिया गया है. गाइडलाइन के अनुसार, शौचालय में नौ सौ ईंट का प्रयोग होना था, लेकिन सिर्फ सात सौ ईंट का ही प्रयोग किया गया है.
दोषी संवेदक पर होगी कार्रवाई : रामगढ़ एसडीओ अनंत कुमार ने कहा कि शौचालय में अनिवार्य रूप से ढलाई छत बनानी है. अनियमितता की जांच करायी जायेगी. दोषी संवेदक पर कार्रवाई होगी.
