जिंजोई नहर में पानी बढ़ने से जलजमाव से परेशान किसान
प्रखंड के कजरी बटसारा गांव में जिंजोई नहर में पानी बढ़ने से गंभीर जलजमाव की स्थिति उत्पन्न हो गयी है
सड़कें बही, सैकड़ों एकड़ में लगी फसलें प्रभावित फोटो 7 डालपीएच- 10 प्रतिनिधि : सड़क बहने से संपर्क टूटा प्रतिनिधि, पड़वा प्रखंड के कजरी बटसारा गांव में जिंजोई नहर में पानी बढ़ने से गंभीर जलजमाव की स्थिति उत्पन्न हो गयी है. सोमवार और मंगलवार को अचानक नहर का जलस्तर बढ़ने से फोर लेन सड़क के पूर्वी हिस्से का क्षेत्र जलमग्न हो गया. पानी की तेज रफ्तार के कारण पंचायत सचिवालय के पास बनी पीसीसी सड़क बह गयी, जिससे कजरी बथान टोला का मुख्य मार्ग से संपर्क टूट गया. इस जलजमाव से गांव के सैकड़ों एकड़ धान की खेती प्रभावित हुई है. किसानों की बिचड़ा और रोपनी की गई फसल गल चुकी है, जिससे उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ा है. एक सप्ताह पूर्व भी भारी बारिश और नहर के पानी के कारण गांव के निचले हिस्सों में बने घरों में पानी घुस गया था और फसलें डूब गयी थी. उस समय अंचलाधिकारी और एनएचआई की टीम ने मौके पर पहुंचकर पानी निकासी की वैकल्पिक व्यवस्था की थी, लेकिन वह अस्थायी साबित हुई. स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के दिनों में सखुआ, बटसारा और जिंजोई नहर का पानी कजरी होते हुए दुर्गावती नदी में मिलता था, लेकिन जिस रास्ते से पानी की निकासी होती थी, उसी पर फोर लेन सड़क का निर्माण कर दिया गया. निर्माण कंपनी द्वारा पानी निकासी की स्थायी व्यवस्था नहीं की गयी, जिससे जलजमाव की समस्या उत्पन्न हो गयी. समाजसेवी महाराणा सिंह ने प्रशासन से किसानों को हुए नुकसान का मुआवजा देने की मांग की है. वहीं पड़वा उप प्रमुख धर्मवीर सिंह ने सुझाव दिया कि फोर लेन सड़क के दोनों ओर नाला बनाकर पानी निकासी का स्थायी समाधान किया जा सकता है. उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण से पूर्व डीपीआर के समय स्थानीय लोगों से राय ली जानी चाहिए थी. यदि स्थायी समाधान नहीं हुआ, तो ग्रामीण आंदोलन के लिए विवश होंगे.
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