पलामू के रवि मेहता ने जीता तीन करोड़

पलामू जिले के सदर प्रखंड के सुआकौड़िया तेलियाबांध के रवि मेहता ने ड्रीम 11 में तीन करोड़ रुपया जीता.

मेदिनीनगर. पलामू जिले के सदर प्रखंड के सुआकौड़िया तेलियाबांध के रवि मेहता ने ड्रीम 11 में तीन करोड़ रुपया जीता. जिसमें से एक करोड़ रुपया उसे प्राप्त हो चुका है. एक करोड़ 10 लाख रुपया मिलने की प्रक्रिया में है. रवि के पिता महेंद्र मेहता ने बताया की तीन करोड़ में से 90 लाख रुपये टैक्स काट कर कुल दो करोड़ 10 लाख रुपये मिलेंगे. जिसमें से एक करोड़ मिल चुका है. रवि ने अपने मां के अकाउंट का नंबर दिया हुआ है. उसी में यह पैसा प्राप्त हुआ है. कहा जाता है कि पुरुष के भाग्य को कोई नहीं जानता है. पलामू के रवि मेहता उर्फ राजा की कहानी इसका जीता-जागता उदाहरण है. आइपीएल 2025 के इस सीजन में जहां लाखों लोग अपनी किस्मत आजमा रहे हैं. वहीं रवि ने ड्रीम 11 पर महज 49 रुपये की टीम बना कर तीन करोड़ रुपये जीत लिये. रवि के पिता महेंद्र मेहता की किराना की दुकान है. वर्तमान में वह चियांकी रेलवे स्टेशन के बगल में किराना दुकान चलाते हैं. उनका बेटा रवि भी दुकान चलाने में अपना हाथ बंटाता है. रवि ने इसी वर्ष बीएन कॉलेज हमीदगंज से इंटर साइंस की फाइनल परीक्षा दी है. रवि अपने चार भाई बहन में सबसे छोटा है. रवि के पिता महेंद्र मेहता ने बताया कि बुधवार की 11:30 बजे रात को जीतने की खबर मोबाइल से मिली. जैसे ही जीतने की खबर मिली. मां और बेटे ने खुशी से गले लगा कर रोने लगे. उसके बाद पूरी रात हम लोग खुशी के मारे सो नहीं पाये. पिता ने बताया कि इस पैसे से अपने व्यापार को बढ़ायेंगे. जमीन खरीदेंगे. कहा कि जो घर अधूरा है. उसको भी पूरा करेंगे. जीत की खबर सामने आते ही पूरे क्षेत्र में खुशी का माहौल है. रवि के घर पर बधाई देनेवालों का तांता लगा हुआ है. रवि ने बताया कि वह सात वर्षों से ड्रीम 11 में टीम बना कर किस्मत आजमा रहा था. वह 2018 से ड्रीम-11 में टीम बनाता था. अब तक वह इस प्लेटफॉर्म पर पांच लाख से अधिक गंवा चुका है. बुधवार (9 अप्रैल) को भी हमेशा की तरह उसने गुजरात टाइटंस और राजस्थान रॉयल्स में टीम बनायी. इस बार किस्मत ने उसका पूरा साथ दिया. बताया कि 49 रुपये की टीम बनायी. इस बार तीन करोड़ जीत लिये. रवि के माता-पिता ने कहा कि वे रवि को किराना दुकान का सामान लाने के लिए पैसा देते थे. लेकिन वह प्रति दिन ड्रीम 11 में टीम लगाकर कुछ पैसे हार जाया करता था. कई बार उसे समझाये और डांट फटकार भी लगायी. लेकिन उसने हमारी बात नहीं मानी. माता-पिता ने बताया कि रवि दुकान में बैठ कर ही टीम बनाया करता था. आज जब वह तीन करोड़ जीता है. जो पूरा परिवार खुशी से फूले नहीं समा रहा है.

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Published by: Satyaprakash pathak

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