Palamu Rajgar Mela: पलामू के उपायुक्त दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने कहा कि जिला प्रशासन का लक्ष्य केवल युवाओं को रोजगार दिलाना नहीं, बल्कि उन्हें कुशल उद्यमी बनाकर आत्मनिर्भर बनाना है. उन्होंने कहा कि युवाओं को नौकरी पाने तक अपनी सोच सीमित नहीं रखनी चाहिए, बल्कि स्वरोजगार और उद्यमिता के माध्यम से दूसरों के लिए भी रोजगार के अवसर पैदा करने का प्रयास करना चाहिए.
युवाओं के भविष्य के लिए काम कर रहा प्रशासन: डीसी
शनिवार को पंडित दीनदयाल उपाध्याय स्मृति नगर भवन में आयोजित दत्तोपंत ठेंगड़ी रोजगार मेला को संबोधित करते हुए डीसी ने कहा कि जिला प्रशासन युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम कर रहा है. उन्होंने कहा कि पलामू के युवाओं में प्रतिभा और क्षमता की कोई कमी नहीं है. जरूरत केवल सही दिशा, कौशल विकास और अवसरों का लाभ उठाने की है.
प्रशासन हर परिस्थिति में युवाओं के साथ
डीसी ने कहा कि जिले का कोई भी युवा अपनी रुचि और क्षमता के अनुसार जिस क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहता है, जिला प्रशासन उसे हरसंभव सहयोग देगा. उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे अपने हुनर को लगातार निखारें और मेहनत तथा कौशल के बल पर अपने भविष्य को मजबूत बनाएं. उन्होंने कहा कि आज के दौर में केवल नौकरी तलाशना ही पर्याप्त नहीं है. युवाओं को ऐसा कौशल विकसित करना चाहिए, जिससे वे आत्मविश्वास के साथ अपना व्यवसाय शुरू कर सकें और आगे चलकर अन्य लोगों के लिए भी रोजगार का माध्यम बनें. यही आत्मनिर्भर पलामू की दिशा में सबसे बड़ा कदम होगा.
कौशल प्रशिक्षण से बढ़ेंगे रोजगार के अवसर
डीसी शेखावत ने बताया कि सरकार और जिला प्रशासन युवाओं के लिए विभिन्न कौशल प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित कर रहे हैं. प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले युवाओं को रोजगार से जोड़ने के लिए समय-समय पर रोजगार मेलों का आयोजन किया जाता है. उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन युवाओं और निजी कंपनियों के बीच सीधा संवाद स्थापित करते हैं, जिससे रोजगार पाने की प्रक्रिया आसान होती है. उन्होंने अधिक से अधिक युवाओं से रोजगार मेलों में भाग लेने और उपलब्ध अवसरों का लाभ उठाने की अपील की.
138 युवाओं को मिला ऑफर लेटर
झारखंड सरकार की रोजगार उपलब्ध कराने की पहल के तहत शनिवार को आयोजित रोजगार मेले में बड़ी संख्या में युवक-युवतियों ने हिस्सा लिया. मेले में विभिन्न निजी कंपनियों ने अपने स्टॉल लगाकर युवाओं को रोजगार संबंधी जानकारी दी और उनका साक्षात्कार लिया. योग्यता और दक्षता के आधार पर 201 युवाओं का अंतिम चयन किया गया. इनमें से 138 युवाओं को विभिन्न ट्रेडों और पदों पर नौकरी के लिए मौके पर ही ऑफर लेटर सौंपे गए. इससे चयनित युवाओं में उत्साह का माहौल रहा.
23 कंपनियों ने उपलब्ध कराईं 1234 रिक्तियां
रोजगार मेले में निजी क्षेत्र की 23 कंपनियों ने भाग लिया और कुल 1234 रिक्तियां उपलब्ध कराईं. विभिन्न क्षेत्रों में रोजगार के अवसर मिलने से युवाओं को अपनी योग्यता के अनुरूप विकल्प चुनने का अवसर मिला. मेले में सर्विस एडवाइजर, सेंटर मैनेजर, मोबिलाइजर, सेल्स मैनेजर, ब्रांच मैनेजर, सिक्योरिटी गार्ड, सिक्योरिटी सुपरवाइजर, मशीन ऑपरेटर, शिक्षक, सेल्स कंसल्टेंट, रिलेशनशिप ऑफिसर, सेल्समैन, डिलीवरी बॉय, ट्रेनर, टेक्नीशियन और हेल्पर सहित कई पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया संचालित की गई.
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आत्मनिर्भर पलामू के निर्माण पर जोर
डीसी ने कहा कि पलामू के विकास में युवाओं की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है. यदि युवा कौशल विकास, स्वरोजगार और उद्यमिता को अपनाते हैं तो इससे जिले की आर्थिक स्थिति भी मजबूत होगी और स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे. उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन भविष्य में भी ऐसे रोजगार मेलों और कौशल विकास कार्यक्रमों का आयोजन करता रहेगा, ताकि अधिक से अधिक युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भर पलामू के निर्माण के लक्ष्य को गति दी जा सके.
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