नगर प्रतिनिधि, पाकुड़
झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार (झालसा) के निर्देश पर शनिवार को व्यवहार न्यायालय, पाकुड़ में आयोजित विशेष लोक अदालत में चेक अनादरण (एनआई एक्ट) से जुड़े एक महत्वपूर्ण मामले का आपसी सहमति से निपटारा किया गया. इससे दोनों पक्षों को लंबी न्यायिक प्रक्रिया से राहत मिली. जानकारी के अनुसार शिकायत वाद संख्या 333/2023 में मोहम्मद रेजाउद्दीन द्वारा अनल सिंघा के खिलाफ 20 लाख रूपए के चेक बाउंस का मामला दर्ज कराया गया था. मामला काफी समय से न्यायालय में लंबित था.
विशेष लोक अदालत के दौरान दोनों पक्षों के बीच बातचीत कर विवाद का सौहार्दपूर्ण समाधान कराया गया. मामले के निपटारे में एसडीजेएम सदीश उज्जवल बेग के मार्गदर्शन की महत्वपूर्ण भूमिका रही. उनके निर्देश पर मामले को मध्यस्थता प्रकोष्ठ को भेजा गया था. मध्यस्थता प्रक्रिया के दौरान चीफ लीगल एड डिफेंस काउंसिल सह मध्यस्थ धर्मेंद्र सिंह ने दोनों पक्षों से संवाद स्थापित कर समझौते का मार्ग प्रशस्त किया.
लोक अदालत की तैयारी को लेकर तीन जुलाई से 17 जुलाई तक प्री-लोक अदालत बैठकों का आयोजन किया गया था. लगातार प्रयासों और संवाद के बाद दोनों पक्ष समझौते पर सहमत हुए. जिला विधिक सेवा प्राधिकार ने बताया कि लोक अदालत के माध्यम से लंबित मामलों का त्वरित, सुलभ और कम खर्च में समाधान संभव है. लोगों से ऐसे मामलों के निपटारे के लिए लोक अदालत का अधिकाधिक लाभ उठाने की अपील की गई है.
