बाइक पर करतब दिखाना बना आजीविका

महेशपुर : शौक ने दिया जख्म, जख्मों से पैदा हुई जिद और अब बन गया है परिवार के भरण-पोषण का माध्यम. जी हां, यह हकीकत है. उत्तर 24 परगना के वसीरात ग्राम निवासी 48 वर्षीय अजहरूद्दीन गाजी ने सोमवार को प्रखंड के आंबेडकर चौक के समीप महेशपुर-सोनारपाड़ा मुख्य पथ पर मोटरसाइकिल पर सीट पर खड़े […]

महेशपुर : शौक ने दिया जख्म, जख्मों से पैदा हुई जिद और अब बन गया है परिवार के भरण-पोषण का माध्यम. जी हां, यह हकीकत है. उत्तर 24 परगना के वसीरात ग्राम निवासी 48 वर्षीय अजहरूद्दीन गाजी ने सोमवार को प्रखंड के आंबेडकर चौक के समीप महेशपुर-सोनारपाड़ा मुख्य पथ पर मोटरसाइकिल पर सीट पर खड़े हो कर बिना हैंडिल पकड़े अपने हाथ में राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा लेकर प्रणाम की मुद्रा में फर्राटे के साथ बाइक चला कर लोगों को अचंभित कर दिया.

अजहरूद्दीन गाजी के अनुसार वर्ष 1995 में उसे यह शौक हुआ कि बाइक पर कुछ अलग किया जाये, इस शौक ने 1995 से 2003 तक दोनों हाथ व दोनों पैर में करीब 42 गंभीर जख्म दिये. इसके बावजूद उसके जिद में कोई कमी नहीं आयी. जिसका परिणाम है कि वर्ष 2004 से अब तक वह कई शहरों में बाइक पर अपने अजीबो-गरीब करतब से काफी शोहरत पा चुका है. यह करतब और शौक उसके परिवार की आजीविका का माध्यम भी बन चुका है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >