कुड़ू (लोहरदगा). आदिवासी छात्र संघ, सरना प्रार्थना सभा और पारंपरिक स्वशासन पड़हा व्यवस्था की ओर से रविवार को टिको पोखरा टोली में करमा पूर्व संध्या सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किया गया. मुख्य अतिथि राष्ट्रीय धर्मगुरु बंधन तिग्गा और विशिष्ट अतिथि पुलिस उपाधीक्षक समीर तिर्की थे. कार्यक्रम में आदिवासी समाज की सभ्यता, संस्कृति और परंपराओं के संरक्षण के साथ सामाजिक जागरूकता का संदेश दिया गया.
टिको की धरती को बताया शहीदों की धरती
राष्ट्रीय धर्मगुरु बंधन तिग्गा ने कहा कि टिको पोखरा टोली शहीदों की धरती है. आदिवासी समाज अपनी सभ्यता और संस्कृति को बचाने के लिए हमेशा आगे रहा है. उन्होंने कहा कि अंग्रेजी हुकूमत के दौरान आंदोलनकारियों पर लाठियां और गोलियां बरसायी गयी थीं, जिससे टिको की धरती शहीदों के खून से लाल हुई थी.
उन्होंने कहा कि करमा पर्व कई संदेश लेकर आता है. आदिवासी समाज जागरूक होकर अपने हक और अधिकार के लिए आगे बढ़ रहा है. उन्होंने समाज से अपनी परंपरा, संस्कृति और पहचान को मजबूत बनाये रखने का आह्वान किया.
नशापान का विरोध करने की अपील
पुलिस उपाधीक्षक समीर तिर्की ने समाज को जागरूक होकर नशापान का विरोध करने की अपील की. उन्होंने युवाओं और समाज के लोगों से नशे से दूर रहने तथा सामाजिक जागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया.
इससे पहले अतिथियों का स्वागत किया गया. कार्यक्रम में सीओ संतोष उरांव, थाना प्रभारी अजीत कुमार, अवर निरीक्षक कुलदीप राज टोप्पो, अवधेश उरांव, जतरू उरांव, लखन उरांव, प्रखंड प्रमुख मुन्नी देवी, विजय उरांव, सरना प्रार्थना सभा की राष्ट्रीय प्रचारिका कमली देवी, बिनोद भगत, उमाकांत भगत, सुनील उरांव, दुबराज उरांव, सरस्वती उरांव, पूजा उरांव, झालो उरांव, बिंदेश लकड़ा, रवि कुमार समेत अन्य लोग मौजूद थे.
