आदि कर्मयोगी अभियान के तहत प्रशिक्षण, गांवों के समग्र विकास पर जोर

आदि कर्मयोगी अभियान के तहत प्रशिक्षण, गांवों के समग्र विकास पर जोर

कुड़ू़ आदि कर्मयोगी अभियान के तहत बुधवार को प्रखंड स्तरीय तीन दिवसीय कार्यशाला के दूसरे दिन विभिन्न विभागों के प्रतिनिधियों को प्रशिक्षण दिया गया. इसमें एएनएम, स्वास्थ्य सहिया, शिक्षा विभाग, बाल विकास परियोजना, पेयजल व स्वच्छता विभाग, मुखिया, वार्ड सदस्य और पंचायत सचिव समेत अन्य सहभागी शामिल हुए. प्रशिक्षण में मास्टर ट्रेनर के चयन की प्रक्रिया, विकास योजनाओं के पारित करने की विधि और गांवों में गतिविधियों के संचालन पर जानकारी दी गयी. अनुसूचित जनजाति मंत्रालय भारत सरकार द्वारा प्रखंड के 25 गांवों का चयन किया गया है. इसमें शिक्षा, ग्रामीण विकास, वन, कल्याण और बाल विकास परियोजना समेत सात विभागों के सामूहिक सहयोग से गांव का समग्र विकास किया जायेगा. मंत्रालय द्वारा जारी सात बिंदुओं पर गाइडलाइंस के आधार पर आदिवासी बहुल गांवों में योजनाओं को धरातल पर उतारने का लक्ष्य है. सीओ सह प्रभारी बीडीओ संतोष उरांव ने कहा कि विभागीय अधिकारी सुनिश्चित करेंगे कि कार्यशाला में दी गयी जानकारी का क्रियान्वयन हो. सरकार की मंशा है कि विकास योजनाओं में आमजन की अधिक भागीदारी हो जिससे गांव का समुचित विकास संभव हो सके. कार्यशाला में अवध किशोर प्रसाद, प्रमुख मुन्नी देवी, डॉ सुलामी होरो, निलेन्द्र कुमार, संतोष कुमार, सुनिल चंद्र कुंवर, अमरनाथ राम, विवेक कुमार, प्रदीप कुमार, रामसागर राम, अनिता कुमारी, कुसुम, सुलक्षणा टुडू, जेइ मो आसिफ, सरफराज, अजय कच्छप सहायक अभियंता विशाल मिंज, परमेश्वर भगत, अवध किशोर ओझा चयनित गांव में संचालित विद्यालय के प्रधानाचार्य, आंगनबाड़ी सेविका, एएनएम, सभी बीआरपी, सीआरपी, वन विभाग द्वारा चयनित वन प्रबंधन समिति के अध्यक्ष तथा सचिव व अन्य शामिल थे. तीन दिवसीय कार्यशाला का समापन गुरुवार को होगा.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By SHAILESH AMBASHTHA

SHAILESH AMBASHTHA is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >