लातेहार ़ सदर प्रखंड के गुरगु गांव में पड़हा सम्मेलन का आयोजन किया गया. इसमें मुख्य अतिथि पूर्व मंत्री देवकुमार धान ने कहा कि पड़हा परंपरागत स्वशासन व्यवस्था है जो आदि काल से चलता आ रहा है इसे सशक्त करना अति आवश्यक है. उन्होंने कहा कि आदिवासियों को अपनी संस्कार, रीति-रिवाज, भाषा-संस्कृति को सुरक्षित रखना है. क्योंकि परंपरागत स्वशासन व्यवस्था को बचाये रखने से ही आदिवासियों की रक्षा होगी. शिक्षा पर जोर देते हुए उन्होंने कहा माता-पिता अपने बच्चों को अच्छी शिक्षा दें ताकि आपके बच्चे आर्थिक रूप से सशक्त बनें. सम्मेलन में आये हुए प्रवक्ताओं ने आगामी जनगणना में लोगों से बढ़-चढ़ कर भाग लेने की अपील की साथ ही सम्मेलन में आये हुए लोगों को पेशा कानून 2026 के बारे में विस्तार से बताया. मौके पर प्रखंड पड़हा दीवान रामलाल उरांव, बनेश्वर उरांव बन्हारदी पड़हा बेल, राजीव उरांव, दुर्गा सिंह सामाजिक अगुवा, नंदकिशोर सिंह खेरवार पर्व खरवार आदिवासी परिषद अध्यक्ष, आशाराम सिंह, चुरामन उरांव, सूरजन सिंह, धर्म अगुवा तेतर उरांव, बलराम उरांव हेरहंज प्रखंड पड़हा बेल, हारमोहन सिंह पूर्व मुखिया तरवाडीह, धर्म अगुवा भागेश्वर उरांव, बिनोद उरांव सामाजिक अगुवा, मानेसर सिंह, जोखन सिंह, हरिहर सिंह, मंच संचालक नरेश उरांव, बीरेंद्र उरांव समेत कई लोग उपस्थित थे.
पड़हा व्यवस्था को सशक्त करना आवश्यक है : देवकुमार धान
पड़हा व्यवस्था को सशक्त करना आवश्यक है : देवकुमार धान
