लातेहार ़ प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत जिला एवं प्रखंड स्तर पर कार्यरत अनुबंध कर्मियों ने मंगलवार को अपनी छह सूत्री मांगों को लेकर समाहरणालय परिसर में सांकेतिक धरना दिया. पीएमएवाइ-जी संघ के बैनर तले जुटे कर्मियों ने सरकार और विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और अपनी उपेक्षा पर रोष व्यक्त किया. 2015 से दे रहे सेवा, मानदेय के नाम पर हो रहा शोषण : धरना को संबोधित करते हुए संघ के शिव कुमार यादव ने कहा कि वर्ष 2015-16 से ये कर्मी अनुबंध पर कार्यरत हैं और ग्रामीण आवास योजनाओं को धरातल पर उतारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं. इसके बावजूद उनकी जायज मांगों पर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया जा रहा है. सचिव कुमार ने बताया कि मानदेय वृद्धि और सेवा शर्तों में सुधार के लिए कई बार ज्ञापन सौंपा गया, लेकिन सरकार अब तक मौन है. संघ की प्रमुख मांगें : आशीष कुमार ने मांगों का विवरण देते हुए बताया कि कर्मियों की मुख्य मांगों में प्रखंड लेखापाल सह कंप्यूटर ऑपरेटर का मानदेय 10 हजार से बढ़ाकर 36 हजार रुपये करने, प्रखंड समन्वयक का मानदेय 18 हजार से बढ़ाकर 45 हजार रुपये करने, जिला स्तरीय ऑपरेटर का मानदेय 15 हजार से बढ़ाकर 41 हजार रुपये करने समेत जिला एवं राज्य स्तर के पदाधिकारियों के मानदेय में 70 प्रतिशत की वृद्धि, ग्रेड-पे का निर्धारण, क्षेत्र भ्रमण भत्ता और सेवा अवधि 60 वर्ष सुनिश्चित करने की मांग शामिल है. सात अप्रैल से ठप हो सकता है काम : संघ ने सरकार को दो टूक चेतावनी देते हुए कहा कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र विचार नहीं किया गया, तो 7 अप्रैल 2026 से जिले भर के आवास कर्मी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जायेंगे. इससे आवास निर्माण की प्रक्रिया पूरी तरह ठप हो सकती है. मौके पर पुषधज कुमार, नरेश यादव, प्रिंस कुमार, शशि कुजूर, शैली कुमारी सहित कई कर्मी मौजूद थे.
प्रखंड समन्वयक के लिए 45 हजार व कंप्यूटर ऑपरेटर के लिए 36 हजार मानदेय की मांग
प्रखंड समन्वयक के लिए 45 हजार व कंप्यूटर ऑपरेटर के लिए 36 हजार मानदेय की मांग
