अनियंत्रित ई-फार्मेसी और भारी छूट का होगा विरोध झुमरीतिलैया. जिले में बुधवार को दवा दुकानों के शटर बंद रहेंगे, लेकिन मरीजों की सुविधा और जीवन रक्षा को प्राथमिकता देते हुए आवश्यक दवाओं की व्यवस्था भी सुनिश्चित की गयी है. छोटे दवा विक्रेताओं के अस्तित्व पर मंडरा रहे संकट, ई-फार्मेसी की मनमानी और बड़े कॉरपोरेट घरानों की गहरी छूट नीति के विरोध में कोडरमा केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के नेतृत्व में जिले के दवा व्यवसायी राष्ट्रव्यापी बंदी में शामिल होंगे. कोडरमा केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष सतीश कुमार ने कहा कि यह आंदोलन केवल दवा दुकानों का बंद नहीं, बल्कि छोटे व्यापारियों के सम्मान, अधिकार और अस्तित्व की लड़ाई है. उन्होंने कहा कि अवैध ई-फार्मेसी प्लेटफॉर्म बिना समुचित जांच के दवाओं की बिक्री कर रहे हैं, जिससे एक ही चिकित्सकीय पर्ची का कई बार उपयोग हो रहा है. इससे एंटीबायोटिक और नशीली दवाओं का दुरुपयोग तेजी से बढ़ रहा है, जो समाज और जनस्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन चुका है. संगठन के सचिव किशोर वर्णवाल ने कहा कि बड़े कॉरपोरेट संस्थान भारी छूट देकर बाजार व्यवस्था को असंतुलित कर रहे हैं. यदि समय रहते सरकार ने इस दिशा में ठोस कदम नहीं उठाये, तो हजारों छोटे व्यापारियों की आजीविका संकट में पड़ जायेगी. बंदी को सफल बनाने के लिए मंगलवार को एसोसिएशन के सदस्यों ने राजगढ़िया रोड स्थित दुकानों में जाकर व्यापारियों से सहयोग और समर्थन की अपील की. मौके पर अध्यक्ष सतीश कुमार, सचिव किशोर वर्णवाल, उपाध्यक्ष विशाल कुमार, कोषाध्यक्ष राकेश कुमार, संगठन सचिव हरजीत सिंह, अंकित गुप्ता, राजेश कुमार, कासिम सहित कई सदस्य मौजूद थे. इधर, मरीजों की परेशानी को ध्यान में रखते हुए आपातकालीन दवा सेवा जारी रखने का निर्णय लिया गया है. प्रत्येक प्रखंड में एक दुकान में आवश्यक दवाएं उपलब्ध रहेंगी.
आज दुवा दुकानों के शटर रहेंगे बंद
अनियंत्रित ई-फार्मेसी और भारी छूट का होगा विरोध
