अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश तृतीय राकेश चंद्रा की अदालत ने सुनायी सजा प्रतिनिधि, कोडरमा डरा-धमकाकर लड़की से दुष्कर्म करने के एक मामले की सुनवाई करते हुए, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश तृतीय राकेश चंद्रा की अदालत ने बुधवार को रंजन रजक उर्फ धोनी रजक 20 वर्ष पिता ईश्वर रजक गैड़ा चंदवारा निवासी को 376 आइपीसी के तहत दोषी पाते हुए 10 साल सश्रम कारावास की सजा सुनाई़ साथ ही 20 हजार रुपये जुर्माना लगाया़ जुर्माना की राशि नहीं देने पर तीन माह अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी़ जानकारी के अनुसार मामला वर्ष 2023 का है़ इसे लेकर जयनगर थाना में कांड संख्या 142/23 दर्ज कराया गया था़ थाना को दिये आवेदन में पीड़िता ने कहा था कि जब उसके घर में उसके माता-पिता नहीं थे तो आरोपी ने उसका वीडियो बना लिया और वायरल करने की धमकी देकर डरा-धमकाकर उसके साथ दुष्कर्म किया और धमकी दिया कि किसी को बताओगी तो जान से मार देंगे़ अदालत में मामला आने के बाद अभियोजन का संचालन लोक अभियोजक प्रवीण कुमार सिंह ने किया़ इस दौरान सभी गवाहों का परीक्षण कराया गया वहीं बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता संदीप कुमार यादव और राजेश कुमार यादव ने दलीलें पेश की़ अदालत ने सभी गवाहों और साक्ष्यों का अवलोकन करने के उपरांत अभियुक्त को दोषी पाते हुए सजा मुकर्रर की़
दुष्कर्म करने के आरोपी को 10 साल सश्रम कारावास की सजा
दुष्कर्म करने के आरोपी को 10 साल सश्रम कारावास की सजा
