जेजे कॉलेज बचाओ समिति का गठन, आंदोलन का आह्वान

कोडरमा जिले के कॉलेजों को गिरिडीह के सर जेसी बोस विवि से जोड़ने का विरोध

– कोडरमा जिले के कॉलेजों को गिरिडीह के सर जेसी बोस विवि से जोड़ने का विरोध कोडरमा. प्रतिष्ठित व अंगीभूत जेजे कॉलेज झुमरीतिलैया सहित अन्य महाविद्यालयों को विनोबा भावे विश्वविद्यालय, हजारीबाग से अलग कर गिरिडीह में बनाये गये नये सर जेसी बोस विश्वविद्यालय से जोड़ने के विरोध में शुक्रवार को बैठक हुई. जेजे कॉलेज प्रांगण में हुई बैठक में पूर्व छात्र नेता, राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि, शिक्षाविद् व अन्य लोग शामिल हुए़ इस दौरान राज्य सरकार के निर्णय का विरोध करते हुए जेजे कॉलेज बचाओ समिति का गठन किया गया़ साथ ही वृहत स्तर पर आंदोलन की रूपरेखा बनाते हुए सभी को इससे जुड़ने का आह्वान किया गया़ बैठक की अध्यक्षता पूर्व छात्र नेता महेश भारती ने की. संचालन देवेंद्र कुमार ने किया़ महेश भारती व रवि पासवान ने कहा कि राज्य में शिक्षा सुधार के लिए राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत नये विश्वविद्यालय बनें, इससे कोई भी दिक्कत नही है. लेकिन छात्र-छात्राओं की भावनाओं को आहत करने वाली और छात्र-छात्राओं को मुसीबत में डालने वाली नीति सरकार ले आयी है, तो छात्र अपने अधिकार की रक्षा के लिए सड़कों पर उतरेंगे. छात्रों-युवाओं और जेजे कॉलेज बचाने की आवाज़ संसद और विधानसभा में गूंजनी चाहिए थी. जेजे कॉलेज, महिला कॉलेज, बीएड कॉलेज में 17 हजार से ज्यादा छात्र अध्ययनरत हैं, लेकिन उनसे जुड़े मुद्दे सदन तक नही पहुंचे, इसलिए जेजे कॉलेज बचाने की आवाज सड़कों पर गूंजेगी़ राजनीति से ऊपर उठकर पहल करने की जरूरत : बैठक को शिक्षाविद्ध राम रतन अवध्या, समाजसेवी सुरेश यादव, राजद जिलाध्यक्ष महेंद्र यादव, भाजपा जिलाध्यक्ष अनूप जोशी, नितेश चद्रवंशी, जेएलकेएम नेता कृष्णा यादव, युवा नेता रोहित यादव, युवा नेता मो अली शाद व तौफीक हुसैन ने संबोधित करते हुए कहा कि राजनीति से ऊपर उठकर कोडरमा वासियों को सकारात्मक पहल करने की जरूरत है. कोडरमा जिले के सभी कॉलेजों को जेसी बोस विश्वविद्यालय से जोड़ने के निर्णय पर पुनर्विचार कर विनोबा भावे विश्वविद्यालय से ही अंगीभूत रखा जाये. उन्होंने सभी से आह्वान किया कि राजनीतिक सहमति-असहमति के बीच कोडरमा के छात्रों के हित में लोकतांत्रिक प्रक्रिया को अपनाते हुए सरकार और जिम्मेवार लोगों को छात्रों की भावनाओं से अवगत कराया जाये. बैठक में बिनोद राम, गोपाल कुमार गुतुल, नरेंद्र पाल, अंकित कुमार यादव, विकास निरंजन, विजय पांडेय, उत्तम कुमार, दयानंद यादव, नितेश कुमार, वीरेंद्र कराटे, अतुल आनंद, राज गुप्ता, इंद्रदेव यादव, ज्योति कुमारी, खुशबू कुमारी, अर्पणा कुमारी, सेजल कुमारी, संजना प्रिया, नसरीन प्रवीण, सोनाली सिंह, पायल कुमारी, अर्पिता सिंह, अनिशा सिंह, पूनम सिंह, राहुल कुमार, स्नेह आनंद, संदीप गुप्ता, मनोज चंद्रवंशी, कुलदीप कुमार आदि मौजूद थे. 17 सदस्यीय कमेटी बनायेगी आंदोलन की रूपरेखा : बैठक में 17 सदस्यीय जेजे कॉलेज बचाओ समिति का गठन किया गया़ इसमें महेश भारती, देवेंद्र कुमार, रवि पासवान, मो अलीशाद, राम रतन अवध्या, सुरेश यादव, कृष्णा यादव, रोहित यादव, इंद्रदेव यादव, विनोद राम, विनोद कराटे, विकास निरंजन, राज गुप्ता,अतुल आनंद, तौफीक हुसैन शामिल हैं. इस समिति में सभी छात्र संगठनों के अध्यक्ष/सचिव और राजनीतिक दलों के अध्यक्ष/सचिव को भी शामिल करने का निर्णय लिया गया. जिप अध्यक्ष ने किया छात्रों के आंदोलन का समर्थन : कोडरमा. जिला परिषद अध्यक्ष सह राजद नेता रामधन यादव ने जेजे कॉलेज को सर जेसी बोस विवि गिरिडीह में समाहित करने के मामले में छात्र आंदोलन का समर्थन किया है. उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में हक-अधिकार के लिए सबको आवाज उठाने का अधिकार है, छात्र हित में जेजे कॉलेज बचाने के आंदोलन का समर्थन है. उन्होंने कहा कि सांसद व विधायक सदन में छात्र हित के मुद्दे उठाने की जगह खामोश रहीं. सिर्फ पत्राचार कर जिम्मेवारियों से पल्ला झाड़ लिया. दिशा की बैठक में भी कॉलेजों का मामला उठा : कोडरमा. जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की शुक्रवार को हुई बैठक के दौरान जेजे कॉलेज समेत जिले के अन्य सभी कॉलेजों को राज्य सरकार द्वारा विनोबा भावे विश्वविद्यालय, हजारीबाग से हटा कर सर जेसी बोस विश्वविद्यालय गिरिडीह से संबद्धता देने से संबंधित मामला उठा. केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी, बरही विधायक मनोज कुमार यादव, बरकट्ठा विधायक अमित कुमार यादव, जिप अध्यक्ष रामधन यादव समेत बैठक में शामिल अन्य जनप्रतिनिधियों ने एक स्वर में इसका विरोध करते हुए सर्वसम्मति से पूर्ववत की स्थिति को यथावत रखने का प्रस्ताव पारित कर राज्य सरकार को भेजने का निर्णय लिया गया.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: DEEPESH KUMAR

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More
Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >