: 32.85 क्विंटल आम की पहली बड़ी खेप मोरिवरा कंपनी को भेजी प्रतिनिधि कोडरमा. जिले के मरकच्चो प्रखंड में मनरेगा के तहत संचालित बिरसा हरित ग्राम योजना किसानों और महिला समूहों के लिए आय का नया स्रोत बनकर उभर रही है. इस योजना के तहत तैयार अम्रपाली आम अब बड़े बाजारों तक पहुंचने लगे हैं. शुक्रवार को मरकच्चो उत्तरी और पुरनानगर पंचायत से कुल 32.85 क्विंटल आम की पहली बड़ी खेप मोरिवरा कंपनी को भेजी गयी. जानकारी के अनुसार, पुरनानगर पंचायत के किसान त्रिलोकी सिंह ने लगभग दो एकड़ तथा मरकच्चो उत्तरी के किसान माहेश्वरी प्रसाद वर्मा ने करीब चार एकड़ में आम की बागवानी विकसित की है. इस वर्ष दोनों किसानों के बागानों में अम्रपाली आम का बेहतर उत्पादन हुआ, जिसकी बाजार में अच्छी मांग देखने को मिल रही है. किसानों को बेहतर बाजार और उचित मूल्य उपलब्ध कराने के लिए जिला प्रशासन ने विशेष पहल की. इस कार्य में मनरेगा, झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (जेएसएलपीएस) तथा किसान उत्पादक कंपनी की महत्वपूर्ण भूमिका रही. किसान उत्पादक कंपनी ने किसानों को संगठित कर खरीदारों से जोड़ने और उत्पाद के उचित मूल्य सुनिश्चित कराने में सहयोग किया. प्रखंड प्रशासन के अनुसार, मरकच्चो उत्तरी से 13.52 क्विंटल और पुरनानगर से 19.33 क्विंटल आम की आपूर्ति की गयी. कुल 32.85 क्विंटल आम मोरिवरा कंपनी को भेजा गया है. प्रशासन का उद्देश्य किसानों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराने के साथ-साथ मरकच्चो के आम को अलग पहचान दिलाना है. किसानों ने बताया कि बिरसा हरित ग्राम योजना से जुड़ने के बाद उनकी आय में लगातार वृद्धि हुई है और फलदार बागवानी अब उनके लिये स्थायी आमदनी का माध्यम बनती जा रही है. प्रशासन ने कहा कि भविष्य में अधिक किसानों और महिला समूहों को बागवानी एवं विपणन गतिविधियों से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कार्य किया जायेगा
मरकच्चो के आम्रपाली आम की बाजार में बढ़ी मांग
32.85 क्विंटल आम की पहली बड़ी खेप मोरिवरा कंपनी को भेजी
