कोडरमा: प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश रामाकांत मिश्रा की अदालत ने गुरुवार को जमीन विवाद में ब्रहमदेव महतो नामक व्यक्ति की हुई हत्या के मामले में दो आरोपियों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनायी.
अदालत ने राजाबर टोला पछियाडीह, थाना सतगावां निवासी महावीर महतो (65 वर्ष) और उसके पुत्र लाल बहादुर यादव (27 वर्ष) को भारतीय न्याय संहिता की धारा 302 (हत्या) के तहत आजीवन कारावास एवं 5-5 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनायी. जुर्माना अदा नहीं करने पर दोनों को एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा़
जानकारी के अनुसार मामला सतगावां थाना कांड संख्या 67/24 से जुड़ा है़ मृतक की पत्नी दुलारी देवी ने 25 अगस्त 2024 की रात हुई घटना को लेकर प्राथमिकी दर्ज करायी थी. आवेदन में उन्होंने बताया था कि रात करीब 9:30 बजे वह अपने पति ब्रहमदेव महतो के साथ भोजन के बाद घर के बाहर सोने की तैयारी कर रही थीं.
इसी दौरान उनके भैसुर महावीर महतो और भैसुर का पुत्र लाल बहादुर यादव कुल्हाड़ी और लोहे की रॉड लेकर पहुंचे तथा ब्रहमदेव महतो पर जानलेवा हमला कर दिया़ दुलारी देवी ने बीच-बचाव का प्रयास किया, लेकिन असफल रहने पर आसपास के लोगों को बुलाने चली गईं. लौटने पर उन्होंने देखा कि दोनों आरोपियों ने उनके पति की हत्या कर दी थी.
शोर सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और महावीर महतो को पकड़ लिया, जबकि लाल बहादुर यादव फरार हो गया़ बाद में पुलिस ने उसे ढाब जंगल क्षेत्र से गिरफ्तार किया था. प्राथमिकी में दुलारी देवी ने हत्या के पीछे पुराना जमीन विवाद कारण बताया था़ पुलिस ने अनुसंधान के दौरान घटना में प्रयुक्त कुल्हाड़ी, लोहे की रॉड तथा आरोपियों के पहने हुए कपड़े भी बरामद किये थे.
मामले में पुलिस द्वारा प्रस्तुत साक्ष्य और 11 गवाहों की गवाही अदालत में अहम साबित हुई़ सुनवाई के दौरान लोक अभियोजक प्रवीण कुमार सिंह ने अपराध की गंभीरता को देखते हुए आरोपियों को अधिकतम सजा देने की मांग की, जबकि बचाव पक्ष की ओर से डिफेंस काउंसिल नवल किशोर ने अपनी दलीलें पेश कीं. दोनों पक्षों की दलीलों, उपलब्ध साक्ष्यों और गवाहों के बयानों पर विचार करने के बाद अदालत ने दोनों आरोपियों को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनायी.
