सदर अस्पताल में एक बार फिर शर्मसार हुई मानवता छह घंटे वार्ड में पड़ा रहा महिला का शव, नहीं हुआ अंत्यपरीक्षण 4कोडपी24. महिला का शव.कोडरमा बाजार. सदर अस्पताल में काफी प्रयास के बावजूद व्यवस्था में सुधार होते नहीं दिख रहा है. डॉक्टर व स्वास्थ्य कर्मियों की संवेदनहीनता से अभी तक सदर अस्पताल आनेवाले मरीज और उसके परिजन परेशान दिख रहे है. मगर, अब मुर्दे भी इनसे पनाह मांगते नजर आ रहे है. दरअसल झुमरीतिलैया थाना क्षेत्र अंतर्गत महुआटांड़ की 30 वर्षीय शबनम प्रवीण (पति- मो मासूम रजा) की मौत रविवार की सुबह इलाज के दौरान सदर अस्पताल में हो गयी. बताया जाता है कि पारिवारिक विवाद से तंग उक्त महिला ने सल्फास की गोली खा ली थी. परिजनों को इसकी जानकारी होने पर सदर अस्पताल इलाज के लिए लाया गया. इलाज के दौरान महिला की मौत हो गयी. नियमतः किसी की मौत हो जाने पर शव को भरती वार्ड से दूसरे जगह शिफ्ट कर दिया जाता है, ताकि वार्ड में भरती अन्य मरीजों को कोई परेशानी नहीं हो. मगर अस्पताल प्रबंधन की लापरवाही के कारण उक्त महिला की मौत के लगभग सात घंटे हो गये, लेकिन अभी तक शव भरती वार्ड में ही पड़ा हुआ है. कई बार मृतक के परिजनों ने शव के अंत्यपरीक्षण के लिए कहा मगर कोई कार्रवाई नहीं हुई. समाचार लिखे जाने तक शव वार्ड में ही रहने की सूचना है. वार्ड में भरती मरीजों और उनके परिजनों ने कहा कि इस व्यवस्था में कोई कैसे रह पायेगा. कई मरीजों ने कहा कि अस्पताल में मानवीय मूल्यों की कोई महत्व नहीं है.प्रक्रिया पूरी करने में समय लगता है, सोमवार को होगा अंत्यपरीक्षण :डीएस इस संबंध में पूछे जाने पर डीएस डॉ बिनोद कुमार ने कहा है कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं थी. एक घंटा पहले जानकारी मिली, तो शव को वार्ड से हटा कर बरामदे में रखने का निर्देश दिया गया है. जब उनसे शव के अंत्यपरीक्षण में देरी का कारण पूछा गया, तो उन्होंने कहा कि महिला की मौत तीन बजे के आसपास हुई है. प्रक्रिया पूरी करने में समय लगता है. सोमवार को शव का अंत्यपरीक्षण किया जायेगा.
सदर अस्पताल में एक बार फिर शर्मसार हुई मानवता
सदर अस्पताल में एक बार फिर शर्मसार हुई मानवता छह घंटे वार्ड में पड़ा रहा महिला का शव, नहीं हुआ अंत्यपरीक्षण 4कोडपी24. महिला का शव.कोडरमा बाजार. सदर अस्पताल में काफी प्रयास के बावजूद व्यवस्था में सुधार होते नहीं दिख रहा है. डॉक्टर व स्वास्थ्य कर्मियों की संवेदनहीनता से अभी तक सदर अस्पताल आनेवाले मरीज और […]
